फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   CM Manohar Lal Strict on complaints of corruption coming in matter of property ID  

हरियाणा: प्रॉपर्टी आईडी बनाने में भ्रष्टाचार पर सीएम सख्त, प्रधान सचिव को आदेश-दो माह में अपलोड हो नए सर्वे का डाटा  

Fri, 03 Sep 2021 09:26 AM IST
निवेदिता वर्मा प्रवीण पाण्डेय, अमर उजाला, चंडीगढ़
प्रवीण पाण्डेय, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Fri, 03 Sep 2021 09:26 AM IST
सार

भूमि का डिजिटल डाटा तैयार होने से प्रदेश की बेनामी संपत्तियों का पूरा रिकॉर्ड सरकार के पास होगा। परिवार पहचान पत्र में भी प्रदेशवासियों की प्रॉपर्टी का पूरा रिकॉर्ड अपलोड किया जा रहा है। इससे यह पता चल जाएगा कि किस व्यक्ति के पास कितनी भूमि प्रदेश में कहां, किस जिले में शहरी क्षेत्र में है।

विज्ञापन
CM Manohar Lal Strict on complaints of corruption coming in matter of property ID  
मुख्यमंत्री मनोहर लाल। - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

हरियाणा में प्रॉपर्टी आईडी केमामले में आ रही भ्रष्टाचार की शिकायतों को लेकर मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने अधिकारियों के साथ बैठक कर इस पर अंकुश लगाने के आदेश दिए हैं। शहरी स्थानीय निकाय विभाग के प्रधान सचिव अरुण गुप्ता को ज्वाइनिंग के पहले दिन ही मुख्यमंत्री ने आदेश दिए हैं कि दो माह के अंदर नए सर्वे का डाटा अपलोड करवाएं। साथ ही निदेशालय स्तर पर बंद कमरे में डाटा अपडेट करने का काम कराया जाए। निकाय अधिकारियों की बैठक में सीएम ने यह आदेश दिए हैं।

विज्ञापन


मुख्यमंत्री ने प्रॉपर्टी आईडी से जुड़े भ्रष्टाचार में संलिप्त कर्मचारियों का पता लगाकर उन पर कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए हैं। विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले कई दिनों से नई प्रापर्टी आईडी में खेल चल रहा था। कुछ मामलों में पार्षद और कंप्यूटर ऑपरेटरों की भी मिलीभगत पाई गई। इसके बाद से सरकार ने इस मामले में कड़ा संज्ञान लिया है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने यूएलबी यानि शहरी स्थानीय निकाय विभाग के उच्च अधिकारियों को आदेश दिए हैं कि प्रदेश में कोई भी नई अवैध कॉलोनी न कटे। कॉलोनियां कटने वाले जिलों और क्षेत्रों पर पैनी नजर रखें और सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई करें।
विज्ञापन



बेनामी संपत्तियों का लगेगा पता
भूमि का डिजिटल डाटा तैयार होने से प्रदेश की बेनामी संपत्तियों का पूरा रिकॉर्ड सरकार के पास होगा। परिवार पहचान पत्र में भी प्रदेशवासियों की प्रॉपर्टी का पूरा रिकॉर्ड अपलोड किया जा रहा है। इससे यह पता चल जाएगा कि किस व्यक्ति के पास कितनी भूमि प्रदेश में कहां, किस जिले में शहरी क्षेत्र में है। कितने व्यक्ति या परिवार प्रदेश में ऐसे हैं, जिनके पास पर्याप्त भूमि नहीं है। भूमि के अभाव में वे किराये के मकान में रह रहे हैं और अपने लिए छत का इंतजाम नहीं कर पा रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन


रजिस्ट्रियों में भ्रष्टाचार पर लगेगा अंकुश
प्रदेश सरकार ने शहरी क्षेत्र की रजिस्ट्रियों में भ्रष्टाचार रोकने के लिए बीते कुछ समय में बड़े कदम उठाए हैं। प्रॉपर्टी आईडी को भी इससे जोड़कर देखा जा रहा है। प्रदेश की सारी शहरी प्रॉपर्टी की आईडी बनने के बाद रजिस्ट्रियों में भ्रष्टाचार पर और अंकुश लगेगा। रजिस्ट्री में फर्जीवाड़ा कर सकेंगे न ही अवैध कॉलोनी काटी जा सकेंगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed