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काबुल के आतंकी हमले में चंडीगढ़ के रिटा. जनरल की मौत

Fri, 15 May 2015 11:57 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 15 May 2015 11:57 AM IST
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chandigarh retired account depty general dead in kabul terror attack

काबुल में आतंकवादियों के हमले में चंडीगढ़ निवासी राजेश कुमार भट्टी (64) की मौत हो गई। वे यूएन मिशन के तहत अफगानिस्तान में आडिटर के तौर पर काम करने के लिए इसी साल 16 जनवरी को रवाना हुए थे। उनके दो बेटे व एक बेटी हैं। एक बेटा चंडीगढ़ में और दूसरा बेटा यूएसए में रहता है, जबकि बेटी दिल्ली में है। साल 2008 में उनकी पत्नी की मौत हो गई थी।

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सेक्टर-45 सी के हाउस नंबर-2045 निवासी राजेश एकाउंट जनरल पंजाब के दफ्तर से डिप्टी एकाउंट जनरल के पद से साल 2011 में रिटायर हुए थे। विदेश मंत्रालय की ओर से उनके परिजनों को सूचना दी गई कि राजेश कुमार का शव शुक्रवार को दिल्ली पहुंच रहा है, लेकिन परिजनों ने उनके शव को चंडीगढ़ भेजने का आग्रह किया है।
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काबुल के शहर-ए-नाव स्थित पार्क पैलेस में आतंकवादियों ने वीरवार सुबह हमला कर दिया था। इसमें नौ लोग मारे गए थे, जिनमें दो भारतीय थे। राजेश के बेटे नवीन भट्टी ने बताया कि वे पिछले साल भी अफगानिस्तान जाना चाहते थे, लेकिन आतंकी घटनाओं को देखकर उन्होंने अपने पापा को रोक लिया था।
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इस साल दोबारा ऑफर मिला तो पापा की जिद की आगे उन्हें झुकना पड़ा। उन्हें 27 जून को वापस आना था। इससे पहले ही उनकी मौत की खबर मिल गई।

सुबह हमला, दोपहर में मौत की सूचना मिली

chandigarh retired account depty general dead in kabul terror attack

नवीन भट्टी ने बताया कि सुबह उनकी पत्नी ने सूचना दी कि अफगानिस्तान में हमला हुआ है। उन्होंने अफगानिस्तान स्थित भारत के दूतावास व भारत स्थित अफगानिस्तान के दूतावास में संपर्क किया। करीब 12 बजे सूचना दी गई कि उनके पिता की मौत हो गई। वह शहर-ए-नाव स्थित गेस्ट हाउस में रुके थे।

दरअसल, इंस्टीट्यूट आफ पब्लिक आडिटर्स इंडिया की ओर से रिटायर आडिटर को हर छह महीने के लिए विदेशों में ट्रेनिंग के लिए भेजा जाता था। राजेश कुमार जाने माने आडिटर थे। इंस्टीट्यूट कई बार उन्हें प्रोफेशनलों को ट्रेनिंग के लिए निमंत्रण दे चुका था, लेकिन राजेश के परिजन उन्हें जाने से रोक देते थे। इस बार जब उन्हें आफर मिला तो वे अपने आपको रोक नहीं पाए और चले गए।

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