फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Chandigarh is not untouched by the impact of global warming

स्पेशल रिपोर्ट: ग्लोबल वार्मिंग की चपेट में चंडीगढ़, विशेषज्ञों ने जताई चिंता

Fri, 19 Jan 2018 09:37 AM IST
आशीष वर्मा/अमर उजाला, चंडीगढ़
आशीष वर्मा/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 19 Jan 2018 09:37 AM IST
विज्ञापन
Chandigarh is not untouched by the impact of global warming
Global Warming - फोटो : File Photo
ग्लोबल वार्मिंग के असर से चंडीगढ़ भी अछूता नहीं है। वर्ष 2016 के बाद 2017 में भी चंडीगढ़ जबरदस्त गर्म रहा। दिन और रात के औसत तापमान सामान्य से दो डिग्री अधिक दर्ज किए गए। आंकड़ों के मुताबिक 2017 में अधिकतम तापमान में 2.6 डिग्री जबकि न्यूनतम तापमान में दो डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि सामान्य से दो डिग्री तापमान का बढ़ना चिंताजनक है। यह न सिर्फ फसलों पर प्रभाव डालेगा बल्कि बारिश के साथ बीमारियों को भी न्योता देगा। कोशिश करनी होगी कि साल 2018 में तापमान नियंत्रण में रहे।
विज्ञापन


चंडीगढ़ मौसम विभाग के मुताबिक साल 2017 में औसत अधिकतम तापमान (दिन का तापमान) 30.3 डिग्री सेल्सियस रहा जबकि औसतन सामान्य तापमान 27.7 डिग्री है। इस हिसाब से दिन के तापमान में 2.6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं, औसत न्यूनतम तापमान (रात का तापमान) 18.1 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया जबकि औसत न्यूनतम तापमान 16.1 डिग्री सेल्सियस होना चाहिए। ऐसे में रात के तापमान में करीब दो डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
विज्ञापन


बदल रहा है मौसम का मिजाज
जानकार बताते हैं कि पिछले कुछ सालों से मौसम में बदलाव देखा जा रहा है। खासतौर पर चंडीगढ़ के तापमान में। साल 2016 में दिन व रात के तापमान औसत से ज्यादा दर्ज किए गए। साल 2016 में औसत अधिकतम तापमान 31.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम औसत तापमान 18.9 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ था। इससे पहले साल 2015 में अधिकतम तापमान 29.8 और न्यूनतम तापमान 18.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आंकड़ों के मुताबिक पिछले एक दशक से तो बदलाव आ रहा था, मगर पिछले तीन से चार सालों में तापमान में काफी बढ़ोतरी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

क्यों बढ़ रहा है तापमान

Chandigarh is not untouched by the impact of global warming
global warming - फोटो : File Photo
क्यों बढ़ रहा है तापमान
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि तापमान बढ़ने के दो बड़े कारण हैं। पहला कंकरीट और दूसरा प्रदूषण। पिछले कुछ सालों में चंडीगढ़ की सड़कों की चौड़ाई बढ़ी है। दरअसल, सड़कों पर कंकरीट बिछाने से पानी का रिचार्ज कम हुआ है। प्रदूषण के कई कण जैसे कि ऐरोसोल्स, ये कण सूरज की रोशनी को सबसे ज्यादा शोषित करता है। प्रदूषण का यह कण पराली के जलने से बनते हैं। इसके अलावा चंडीगढ़ के पेरीफेरी इलाके में धड़ल्ले से अवैध निर्माण हो रहा है। इसकी वजह से तापमान में बढ़ोतरी हुई है। 

पिछले कुछ वर्षों का औसत तापमान
साल       अधिकतम        न्यूनतम
2017      30.3 डिग्री          18.1 डिग्री
2016      31.1 डिग्री           18.9 डिग्री
2015      29.8 डिग्री           18.5 डिग्री
2014      29.8 डिग्री            18.1 डिग्री           
2013      29.3 डिग्री           18.3 डिग्री           
2012      29.6 डिग्री           18.1 डिग्री           
2011      29.7 डिग्री           17.5 डिग्री     
(नोट : सामान्य अधिकतम तापमान 27.7 डिग्री जबकि सामान्य न्यूनतम तापमान 16.1 डिग्री सेल्सियस होना चाहिए)

दो डिग्री तापमान बढ़ना कोई छोटी बात नहीं है। इस बारे में लोगों को सोचना होगा। इससे न सिर्फ फसलों पर प्रभाव पड़ेगा बल्कि बीमारियों की संख्या में भी इजाफा होगा।
- सुरेंद्र पाल, निर्देशक मौसम विभाग चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed