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कांग्रेस का नया फरमान, टिकट चाहिए तो देने पड़ेंगे ये दस्तावेज
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 10 Oct 2016 12:38 AM IST
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नगर निगम, चंडीगढ़
- फोटो : File Photo
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नगर निगम चुनाव के लिए कांग्रेस इस बार फूंक-फूंक कर कदम उठा रही है। ऐसे में कांग्रेस के टिकट से चुनाव लड़ने वाले दावेदारों से आवेदन के साथ शपथ पत्र लेने का भी प्रस्ताव तैयार किया गया है। शपथ पत्र में दावेदार को यह लिखकर देना होगा कि टिकट मिलने पर चुनाव जीतने के बाद वह पार्टी छोड़कर दूसरे दल में शामिल नहीं होगा।
नगर निगम चुनाव में दल बदल कानून लागू नहीं होता है इसलिए कांग्रेस इस तरह से चुनाव जीतने वाले उम्मीदवारों पर दबाव बनाना चाहती है। केंद्र में मोदी सरकार आने के बाद शहर से कांग्रेस को चार बार झटके लग चुके हैं। कांग्रेस के 4 पार्षद बारी-बारीे कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए। जिसका खामियाजा पार्टी को भुगतना पड़ा और कांग्रेस इस साल नगर निगम में अपना मेयर नहीं बनवा पाई। जबकि कांग्रेस का पिछले 15 सालों से नगर निगम पर कब्जा था।
शनिवार को कांग्रेस भवन में कांग्रेस अध्यक्ष प्रदीप छाबड़ा और पूर्व रेल मंत्री पवन बंसल के नेतृत्व में बैठक हुई जिसमें महासचिव दवेंद्र सिंह बबला सहित अन्य नेताओं ने शपथ पत्र लेने का प्रस्ताव रखा।
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कांग्रेस अध्यक्ष का कहना है कि बैठक में टिकट के लिए आवेदन के साथ शपथ पत्र लेने का भी प्रस्ताव आया है, जिस पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। प्रदेश कार्यकारिणी के अधिकतर पदाधिकारी इस प्रस्ताव के समर्थन में हैं। उनका कहना है कि 14 को वार्डों का ड्रा होना है जिसके बाद शपथ पत्र के प्रस्ताव पर अंतिम फैसला लिया जाएगा।
कुछ नेता भाजपा के संपर्क में
भाजपा का दावा है कि अभी भी कांग्रेस के दो वर्तमान पार्षद और तीन पूर्व पार्षद भाजपा में शामिल होने के लिए तैयार है। 14 को ड्रा के बाद ही उन्हेें पार्टी में शामिल करने का फैसला किया जाएगा।
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नगर निगम चुनाव में दल बदल कानून लागू नहीं होता है इसलिए कांग्रेस इस तरह से चुनाव जीतने वाले उम्मीदवारों पर दबाव बनाना चाहती है। केंद्र में मोदी सरकार आने के बाद शहर से कांग्रेस को चार बार झटके लग चुके हैं। कांग्रेस के 4 पार्षद बारी-बारीे कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए। जिसका खामियाजा पार्टी को भुगतना पड़ा और कांग्रेस इस साल नगर निगम में अपना मेयर नहीं बनवा पाई। जबकि कांग्रेस का पिछले 15 सालों से नगर निगम पर कब्जा था।
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शनिवार को कांग्रेस भवन में कांग्रेस अध्यक्ष प्रदीप छाबड़ा और पूर्व रेल मंत्री पवन बंसल के नेतृत्व में बैठक हुई जिसमें महासचिव दवेंद्र सिंह बबला सहित अन्य नेताओं ने शपथ पत्र लेने का प्रस्ताव रखा।
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कांग्रेस अध्यक्ष का कहना है कि बैठक में टिकट के लिए आवेदन के साथ शपथ पत्र लेने का भी प्रस्ताव आया है, जिस पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। प्रदेश कार्यकारिणी के अधिकतर पदाधिकारी इस प्रस्ताव के समर्थन में हैं। उनका कहना है कि 14 को वार्डों का ड्रा होना है जिसके बाद शपथ पत्र के प्रस्ताव पर अंतिम फैसला लिया जाएगा।
कुछ नेता भाजपा के संपर्क में
भाजपा का दावा है कि अभी भी कांग्रेस के दो वर्तमान पार्षद और तीन पूर्व पार्षद भाजपा में शामिल होने के लिए तैयार है। 14 को ड्रा के बाद ही उन्हेें पार्टी में शामिल करने का फैसला किया जाएगा।