{"_id":"590397aa4f1c1b1035c0e4ea","slug":"care-center-aadhar-card-and-pen-card-panchkula-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"केयर सेंटर में रखना है पेट्स तो देना होगा आधार और पैन कार्ड ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
केयर सेंटर में रखना है पेट्स तो देना होगा आधार और पैन कार्ड
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला
Updated Sat, 29 Apr 2017 09:38 AM IST
विज्ञापन
aadhar card
- फोटो : Demo Pic
पेट डॉग्स रखने के लिए पेट मेडिकल केयर सेंटर में न केवल नाम और पता देना होगा, बल्कि आधार और पैन नंबर भी देना अनिवार्य कर दिया गया है। पशुपालन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर एके मंत्रू ने इस बारे में जानकारी दी कि पेट डॉग्स को रखने के लिए सेंटर में तमाम सुविधाएं हैं।
लेकिन इस सुविधा का कोई अनुचित लाभ न उठा सके, इस लिहाज से कुछ औपचारिकताएं पूरी करने के बाद ही पेट डॉग्स को रखा जाता है। उन्होंने बताया कि पहले भी गलत पता देकर एक पेट डॉग को छोड़ दिया गया था, नतीजतन सेंटर के कर्मियों को इस वजह से परेशानियां पेश आईं थी।
सेंटर में एक नियत राशि चुकाने पर पेट डॉग्स को रखने का प्रावधान है। उनके लिए भोजन और रहने के लिए एसी, नॉन एसी रूम भी हैं। लेकिन अगर कोई गलत जानकारियां देकर पेट्स को छोड़ देता है तो इससे सेंटर के लिए मुश्किलें बढ़ जाती हैं।
विज्ञापन
मंत्रू ने बताया कि आधार और पैन नंबर होने से व्यक्ति की पहचान की जा सकती है और इससे किसी भी तरह की गलती होने की आशंका भी नहीं रहती है।अक्सर छुट्टियों के दौरान भी यहां दर्जनों पेट्स छोड़ दिए जाते हैं ताकि मालिक की गैर मौजूदगी में भी उन्हें महफुज रखा जा सके।
विज्ञापन
लेकिन इस सुविधा का कोई अनुचित लाभ न उठा सके, इस लिहाज से कुछ औपचारिकताएं पूरी करने के बाद ही पेट डॉग्स को रखा जाता है। उन्होंने बताया कि पहले भी गलत पता देकर एक पेट डॉग को छोड़ दिया गया था, नतीजतन सेंटर के कर्मियों को इस वजह से परेशानियां पेश आईं थी।
विज्ञापन
सेंटर में एक नियत राशि चुकाने पर पेट डॉग्स को रखने का प्रावधान है। उनके लिए भोजन और रहने के लिए एसी, नॉन एसी रूम भी हैं। लेकिन अगर कोई गलत जानकारियां देकर पेट्स को छोड़ देता है तो इससे सेंटर के लिए मुश्किलें बढ़ जाती हैं।
विज्ञापन
मंत्रू ने बताया कि आधार और पैन नंबर होने से व्यक्ति की पहचान की जा सकती है और इससे किसी भी तरह की गलती होने की आशंका भी नहीं रहती है।अक्सर छुट्टियों के दौरान भी यहां दर्जनों पेट्स छोड़ दिए जाते हैं ताकि मालिक की गैर मौजूदगी में भी उन्हें महफुज रखा जा सके।