फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Amritsar News ›   Building Collapsed in Amritsar of Punjab due to Heavy Rainfall

बारिश बनी काल: अमृतसर में तीन मंजिला इमारत ढही, पिता व बेटी समेत तीन की मौत, तीन घायल

Fri, 28 Aug 2020 10:40 AM IST
खुशबू गोयल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमृतसर (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमृतसर (पंजाब) Published by: खुशबू गोयल Updated Fri, 28 Aug 2020 10:40 AM IST
सार

  • घायलों में मृतक की पत्नी और दो बेटियां शामिल, अस्पताल में कराया भर्ती
  • तीन लोगों ने समय रहते इमारत से भागकर बचाई जान, इलाके में शोक

विज्ञापन
Building Collapsed in Amritsar of Punjab due to Heavy Rainfall
इमारत ढही - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

अमृतसर में गुरुवार देर रात करीब ढाई बजे बारिश के दौरान तीन मंजिला इमारत ढहने से बच्ची समेत तीन लोगों की मौत हो गई। जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। सुल्तानविंड रोड स्थित गुरुनानक पुरा में हुए हादसे में मृतकों की पहचान रमेश कुमार उर्फ सनी (36), बच्ची गुल्लू (8) व लाल चंद (85) के रूप में हुई है।

विज्ञापन


हादसे के बाद पड़ोसियों ने सनी की दो बच्चियों और पत्नी नंदिनी को किसी तरह मलबे से निकालकर उन्हें श्री गुरु नानक देव जी अस्पताल में दाखिल करवाया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। वहीं इसी इमारत में रहने वाले एक अन्य परिवार के तीन सदस्य बाल-बाल बच गए। घटना के शिकार सभी लोग किराए पर रहते थे। 
विज्ञापन


जानकारी के अनुसार गुरु नानक पुरा इलाके के सुल्तान विंड रोड पर स्थित गली नंबर-2 की यह इमारत काफी पुरानी और जर्जर हो चुकी थी। नगर निगम ने इमारत के मालिक को नोटिस भी जारी किया था लेकिन वह किराये के लालच में इसे खाली नहीं करवा रहा था। गुरुवार रात करीब सवा 2 बजे तीन मंजिला इमारत के ढहने का पता चलते ही लोगों ने तुरंत राहत अभियान चलाया।
विज्ञापन
विज्ञापन

देखें वीडियो: हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब भी करें-

वहीं बी डिवीजन थाने की पुलिस और दमकल विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे लेकिन मलबा हटाने में हुई देरी के कारण आठ साल की गुल्लू और उसके पिता सनी की मौत हो चुकी थी। वहीं ग्राउंड फ्लोर पर रह रहे लालचंद भी मलबे में दब गए। जब तक दमकल विभाग की टीम खुदाई करते हुए नीचे दबे लालचंद तक पहुंची तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।

बारिश के कारण ग्राउंड फ्लोर पर आ रहे थे, तीसरी मंजिल की छत गिरते ही बाहर भागा परिवार
लोगों के अनुसार रात ढाई बजे जोरदार धमाके के साथ तीन मंजिला इमारत भरभराकर ढह गई। उस समय दूसरी मंजिल पर रमेश उर्फ सनी अपनी पत्नी नंदनी व तीन बेटियों के साथ सो रहा था। जबकि पहली मंजिल पर बुजुर्ग लाल चंद अकेला था। सबसे ऊपर रहने वाली हरजीत कौर अपने पति व बेटी के साथ बारिश शुरू होने पर सबसे नीचे सोने आ रहे थे। जब वह नीचे पहुंचे तो अचानक पहली मंजिल की छत गिरने से हुए धमाके को सुनकर वह घर के बाहर दौड़ पड़े, जिससे वह बाल-बाल बच गए। 

दमकल विभाग के अधिकारी नरेंद्र के अनुसार इमारत बहुत पुरानी थी और तेज बारिश के कारण तीसरी मंजिल की छत पर पानी जमा होने से यह हादसा हुआ है। पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाने की कवायद शुरू कर दी है। इस घटना के बाद इलाके में शोक की लहर है।  

सरकारी मेडिकल कॉलेज के सरकारी क्वार्टर की छत गिरी

सरकारी मेडिकल कॉलेज में शुक्रवार को हुई बारिश के कारण सरकारी क्वार्टर की छत का बड़ा हिस्सा गिर गया। गनीमत रही कि उस वक्त घर में कोई नहीं था। कर्मचारी सोमनाथ ने बताया कि शुक्रवार को सुबह करीब नौ बजे वह कमरे से बाहर किसी काम से निकला ही था कि छत का बड़ा हिस्सा गिर गया। 

सोमनाथ के अनुसार पिछले वर्ष भी उनके क्वार्टर का हिस्सा नीचे गिरा था। तब भी परिवार बाल-बाल बचा था। दशकों पहले बने इन क्वार्टरों की दीवारें हिल रही हैं। ईंटें किसी भी समय गिर सकती हैं। छतों की सरिया बाहर निकल चुका है। ऐसी ही स्थिति शौचालयों की है। परिवार के साथ रह रहे कर्मचारियों के कमरों की खिड़कियां टूटी हुई हैं। 

यह पूरी इमारत किसी भी समय धराशायी हो सकती है। वहीं क्वार्टरों का सीवरेज भी हर समय जाम रहता है, जिससे सीलन बढ़ रही है। इस संबंध में मेडिकल सुपरिंटेंडेंट को मौखिक रूप से बताया गया था कि उन्हें यहां से शिफ्ट किया जाए। मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. रमन शर्मा ने कहा कि कर्मचारियों के लिए नए क्वार्टरों का निर्माण किया जा रहा है।

बरसात से धार के कुकडूई गांव में गिरा मकान, बाल-बाल बचा परिवार
पठानकोट। धार ब्लॉक के गांव कुकडूई में बरसात से मकान धराशायी हो गया। हालांकि, घर में मौजूद परिवार के 5 सदस्य बाल-बाल बच गए। मकान गिरने से पहले ही सभी बाहर निकल आए थे। पीड़ित जगदीश राज ने बताया कि वह मजदूरी करता है। उनका मकान पहले ही जर्जर था लेकिन, इस बार लगातार हो रही बरसात के कारण वीरवार रात मकान गिर गया।

परिवार तो बच गया लेकिन आर्थिक नुकसान हो गया। उन्होंने ग्रामीण विकास विभाग और जिला प्रशासन से आर्थिक सहायता की गुहार लगाई है। गांव की सरपंच पल्लवी ठाकुर ने बताया कि उक्त परिवार की पक्के मकान की ग्रांट के लिए फाइल भरकर बीडीपीओ कार्यालय धारकलां में जमा करवा रखी है। अधिकारियों से मिल कर उक्त परिवार को जल्द ग्रांट दिलवाने के लिए अपील की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed