बजट कटौती मामले में होगी यूजीसी चेयरमैन और पीयू वीसी की बैठक
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पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश के बाद आर्थिक तंगी में चल रही पंजाब यूनिवर्सिटी के लिए बुधवार को राहत भरी खबर आई। यूजीसी के चेयरमैन ने आर्थिक तंगी के मुद्दे पर चर्चा के लिए पीयू के वीसी को वीरवार को दिल्ली बुलाया है।
बता दें कि यूजीसी द्वारा बजट में कटौती किए जाने के बाद पीयू प्रशासन के पास प्रोफेसर और कर्मचारियों को जनवरी में वेतन देने के लिए पर्याप्त पैसा नहीं है।
बता दें कि पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने यूजीसी चेयरमैन और सेक्रेटरी को पीयू की वित्तीय हालात को लेकर मीटिंग करने के निर्देश दिए थे। मामले में कोर्ट ने 14 दिसंबर की तिथि तय की थी।
सूत्रों के अनुसार, कोर्ट के आदेश को गंभीरता से लेते हुए यूजीसी कार्यालय से पीयू कुलपति को वीरवार को चेयरमैन और अन्य अधिकारियों के साथ मीटिंग के लिए बुलाया गया है।
44 करोड़ मिलेंगे तभी दिसंबर का मिलेगा वेतन
यूजीसी से मीटिंग की जानकारी मिलते ही पीयू कुलपति और अन्य अधिकारियों ने मामले से जुड़ी फाइलों को समेटना शुरू कर दिया। यूजीसी चेयरमैन के साथ होने वाली मीटिंग में पीयू कुलपति प्रो. अरुण कुमार ग्रोवर और रजिस्ट्रार कर्नल जीएस चड्ढा शामिल होंगे।
गौरतलब है कि पंजाब यूनिवर्सिटी ने 2016-77 के लिए प्रस्तावित 277 करोड़ बजट मांगा था, लेकिन यूजीसी ने 176 करोड़ से एक पैसा भी अधिक देने से मना कर दिया था।
यूजीसी पिछले कई सालों से बजट में कटौती कर रहा है। पीयू के बजट में 101 करोड़ की कटौती हो चुकी है। पंजाब सरकार ने भी अपने हिस्सा के 20 करोड़ से अधिक रुपये पिछले तीन साल से नहीं दिया है।
44 करोड़ मिलेंगे तभी दिसंबर का मिलेगा वेतन
पीयू प्रशासन के पास दिसंबर का वेतन जारी करने के लिए पैसा नहीं है। हर महीने पीयू का 35 से 40 करोड़ सिर्फ वेतन में चला जाता है। 2016-17 में यूजीसी द्वारा मंजूर किए गए 176 करोड़ बजट में से 44 करोड़ जारी नहीं हुई है।
अगर इस महीने यह पैसा यूजीसी द्वारा जारी नहीं किया गया तो जनवरी में वेतन नहीं मिल पाएगा। बोर्ड ऑफ फाइनेंस पहले ही दूसरे फंड से वेतन देने पर रोक लगा रखी है। वीरवार को यूजीसी चेयरमैन और पीयू अधिकारियों की मीटिंग के बाद बकाया राशि मिलने की उम्मीद है।