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अकाली-भाजपा गठबंधन का दरकता किला बचाने निकले जेपी नड्डा, पूर्व सीएम बादल से भी मिलेंगे
Wed, 19 Feb 2020 08:22 PM IST
ajay kumar
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Wed, 19 Feb 2020 08:22 PM IST
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जेपी नड्डा, प्रकाश सिंह बादल
- फोटो : फाइल फोटो
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पंजाब अकाली दल और भाजपा के बीच दशकों पुराने मजबूत गठबंधन में पड़ रही दरारों को समय रहते भरने का काम शुरू हो गया है। यह जिम्मा संभाला है भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने, जो वीरवार को लंबी में पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल से उनके निवास स्थान पर जाकर मिलने वाले हैं।
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राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के साथ जेपी नड्डा की ये पहली मुलाकात होगी। इसके बाद से ही सियासी गलियारों में तमाम चर्चाएं शुरु हो गई हैं। माना जा रहा कि जेपी नड्डा मुलाकात के दौरान शिअद-भाजपा में उपजे मतभेद और 2022 विधानसभा चुनाव को लेकर प्रकाश सिंह बादल से चर्चा करेंगे।
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जेपी नड्डा बठिंडा में वीरवार को सुबह 10.30 बजे पहुंचेंगे और वहां से सड़क मार्ग से बादल गांव जाएंगे। वहां वे प्रकाश सिंह बादल से उनके निवास स्थान पर मुलाकात करेंगे। इस मौके पर उनके साथ भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा और प्रदेश संगठन महांमत्री दिनेश कुमार भी होंगे।
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दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा द्वारा अलग-थलग कर दिए जाने से आहत अकाली दल का गुस्सा उस समय फूटा जब भाजपा के सीनियर नेता मदन मोहन मित्तल ने बयान जारी कर कहा कि पार्टी पंजाब में अगले विधानसभा चुनाव में 59 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी बयान दिया कि पंजाब भाजपा के नेता और कार्यकर्ता अकेले ही चुनाव लड़ने के इच्छुक हैं। इसके बाद अकाली दल की ओर से भाजपा पर तेज हमले शुरू हुए, जिसमें भाजपा और केंद्र की मोदी सरकार की नीतियों पर पार्टी ने उंगली उठानी शुरू कर दी।
दोनों दलों के बीच बिगड़ते संबंधों का ही नतीजा था कि आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति में प्रकाश सिंह बादल भी उतर आए और उन्होंने सीएए पर सवाल उठाते हुए, इसमें धर्म के आधार पर किए गए भेदभाव को गलत ठहराया। अकाली दल के अन्य नेताओं, जिनमें प्रधान सुखबीर बादल भी शामिल रहे, ने भी केंद्र सरकार की नीतियों को निशाने पर ले लिया। राज्यसभा सदस्य बलविंदर सिंह भूंदड़ जिन्होंने केंद्र सरकार के बजट की सराहना की थी, ने इसी बजट को खोखला करार देते हुए दिल्ली में केंद्र सरकार के खिलाफ धरना शुरू करने का एलान कर दिया।
अकाली विधायक गुरप्रताप सिंह वढाला ने न सिर्फ केंद्र सरकार द्वारा फसलों का एमएसपी सिस्टम रद करने की आलोचना की, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लागू की गई नोटबंदी को भी पंजाब के किसानों के लिए घातक करार दिया। आखिरकार भाजपा के तेवरों में नरमी आई और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने खुद मामला शांत करने का जिम्मा संभाला।
नड्डा अपनी बेटी की शादी का देंगे निमंत्रण
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा प्रदेश, प्रकाश सिंह बादल को अपनी बेटी की शादी का निमंत्रण देंगे और उसके बाद ही राजनीतिक तौर पर चर्चा की जाएगी। नड्डा की ओर से पूर्व मुख्यमंत्री को अपनी बेटी की शादी के दिए जा रहे निमंत्रण के बारे में भाजपा के जिला स्तरीय नेता कोई भी जानकारी होने से इंकार कर रहे हैं।
भाजपा के नेता दयाल सिंह सोढी ने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद अपनी नई पारी की शुरुआत करने के लिए जगत प्रकाश नड्डा नड्डा प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल से मिलने पहुंच रहे।