झटकाः जाटों के आरक्षण से पीछे हटी सरकार
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जाटों को सरकार ने बड़ा झटका दिया है। सरकार ने विशेष पिछड़ा वर्ग के तहत आरक्षण के मसले पर अपने हाथ खींच लिए हैं। हरियाणा की भाजपा सरकार ने एसबीसी के तहत आरक्षण दिए जाने संबंधी अधिसूचना वापस ले ली है।
यह जानकारी सरकार ने पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में दी। सरकार के इस फैसले स जाटों को बड़ा झटका लगा है। सरकार ने जाट, बिश्नोई, त्यागी, रोड और जाट सिखों के लिए हरियाणा में एसबीसी के तहत शिक्षण संस्थानों में 10 फीसदी सीटें आरक्षित की थीं। एसबीसी में पांचों जातियों को ओबीसी की भांति आयु व अन्य मामलों में छूट दी जा रही थी।
हाईकोर्ट ने सरकार को तलब किया था
सरकार के इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दिए जाने पर अदालत ने हरियाणा सरकार के फैसले को गलत ठहराते हुए जवाब तलब किया था।
सरकार अदालत में अपने फैसले का बचाव करती दिखाई नहीं दी और सरकारी वकील ने सरकार की ओर से कहा कि इस संबंध में जारी अधिसूचना को सरकार ने वापस ले लिया है।
अब तक एसबीसी के तहत आवेदन करने वालों को दाखिला देने के लिए सरकार अब सामान्य वर्ग के लिए लागू नियमों का ही पालन करेगी।