अमृतसर की सबसे चर्चित सीट का हाल: जोड़तोड़ कर जनाधार बढ़ा रहे मजीठिया, रूठों को मना रहे सिद्धू, भाजपा व आप भी टक्कर में
पंजाब विधानसभा चुनाव में इस बार सबसे ज्यादा चर्चा अमृतसर पूर्वी विधानसभा सीट की है। इसकी वजह नवजोत सिंह सिद्धू के सामने बिक्रम सिंह मजीठिया के चुनाव मैदान में उतरने को बताया जा रहा है। आम आदमी पार्टी व भाजपा भी यहां टक्कर दे रही है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अमृतसर पूर्वी विधानसभा सीट में पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीपीसीसी)के अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू और मजीठा हलका से तीन बार विधायक रहे बिक्रम सिंह मजीठिया ने पूरा दम लगा दिया है। यह सीट पहले तो शहर की अन्य सीटों जैसी थी लेकिन यहां से शिरोमणि अकाली दल से बिक्रम सिंह मजीठिया के आने के बाद सभी की नजरें इसी सीट पर जा टिकीं हैं।
सिद्धू और मजीठिया के आमने-सामने होने के बाद जहां दोनों में जुबानी जंग शुरू हो चुकी है तो वहीं जोड़तोड़ की राजनीति भी जारी हो गई है।मजीठिया ने हलके में आने से पहले यहां का भूगोल समझा और सियासी गणित को जाना। उन्होंने इलाके की धड़ेबंदियों का आंकलन किया। उन्होंने हलके के लोगों की मुश्किलों को भी समझा और विकास कार्यों की समीक्षा की। इसके बाद मजीठिया ने कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को अपनी पार्टी का हिस्सा बनाने का सिलसिला जारी किया। मजीठिया ने घर-घर जाकर लोगों से मिलना शुरू किया।
मजीठिया पर अपनी सीट पर जीत हासिल करने के साथ-साथ अपनी पत्नी गुनीव मजीठिया को मजीठा से जिताने का भी दारोमदार है। पूर्वी हलके में जहां शिअद अध्यक्ष सुखबीर बादल से रैलियां कर लोगों से मजीठिया को समर्थन देने की अपील की, वहीं सरकार बनने पर हलके में विकास के पहले छह माह में नतीजे दिखाई देने की भी बात कही।
दूसरी तरफ नवजोत सिद्धू के लिए हलके के लोगों से नहीं मिलना और उनके फोन नहीं उठाना भारी पड़ सकता है। अपने सबसे मजबूत प्रतिद्वंदी मजीठिया के खिलाफ प्रचार अभियान में अपनी पत्नी नवजोत कौर सिद्धू और बेटी राबिया सिद्धू को उतारा है। सिद्धू ने रूठे नेताओं को मनाने का सिलसिला शुरू किया, ताकि उन्हें शिअद में जाने से रोका जा सके। सिद्धू पहले देश के स्टार प्रचारक थे, अब उनके लिए बाहर से लोगों को बुलाना पड़ रहा है। प्रचार करने पहुंचे सिद्धू को देख कई जगह पर लोगों ने दरवाजे तक नहीं खोले। वह शंकर भगवान की पूजा अर्चना करने और माता वैष्णो देवी के दर्शन करने भी पहुंचे।
भाजपा उम्मीदवार और पूर्व आईएएस अधिकारी डॉ. राजू जगमोहन और आम आदमी पार्टी की जिला प्रधान व उम्मीदवार जीवनजोत कौर भी टक्कर दे रहे हैं। भाजपा के राजू हलके के विकास के लिए लोगों को केंद्र सरकार से ज्यादा से ज्यादा स्कीम लाने के वादे कर रिझा रहे हैं। वे चुनाव प्रचार में बताते हैं कि राज्य और केंद्र के आला अधिकारियों के साथ सीधे संबंध हैं तो कोई भी काम मिनटों में करवाएंगे। दूसरी तरफ आप प्रत्याशी जीवनजोत कौर हलके के बच्चों को शिक्षा और डोर स्टेप पर लोगों को सेहत सुविधाएं देने के वादे कर समर्थन जुटा रही हैं।