फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   annual IT Event

डेस्टिनेशन आईटी में आज जुटेंगे दिग्गज

Tue, 19 Nov 2013 10:40 PM IST
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Tue, 19 Nov 2013 10:40 PM IST
विज्ञापन
annual IT Event
चंडीगढ़ के आईटी विभाग की ओर से पंजाब सरकार, सीआईआई और एसटीपीआई के सहयोग से आयोजित किए जा रहे सालाना आईटी इवेंट डेस्टीनेशन आईटी एट नार्थ (ई रेवोल्यूशन) का आगाज बुधवार को होगा।
विज्ञापन


इस दो दिवसीय सम्मेलन में आईटी से जुड़े कई दिग्गज हिस्सा लेंगे। इस साल कांफ्रेंस का थीम थिंकिंग अहेड ऑफ द कर्व थ्रू इनोवेशन है।

आईटी डेस्टिनेशन का उद्घाटन चंडीगढ़ के प्रशासक के सलाहकार केके शर्मा सुबह 10 बजे करेंगे। उद्घाटन समारोह में नासकॉम के अध्यक्ष सोम मित्तल, पंजाब के आईटी विभाग के प्रधान सचिव एआर तलवार, अमेरिका के यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड यूनिवर्सिटी कालेज डॉ. सुभाष मिगलानी, एसटीपीआई के डायरेक्टर जनरल डॉ. ओमकार राय, चंडीगढ़ की आईटी सचिव प्रेरणा पुरी मौजूद रहेंगे।
विज्ञापन


सम्मेलन में माइंडट्री लिमिटेड के सुब्रोतो बागची, जिरॉक्स कारपोरेशन के आईटी निदेशक आशीष तारा भी अपने विचार रखेंगे। साथ ही सीआईआई के चंडीगढ़ काउंसिल के चेयरमैन मनमोहन सिंह कोहली, प्लेटफार्म स्ट्रेटजी के वाइस प्रेजीडेंड अमित गोयल मुख्य वक्ता होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


उद्घाटन समारोह के बाद तीन अलग-अलग विषयों पर वर्कशाप होगी। शाम को एसटीपीआई की ओर से अवार्ड समारोह का आयोजन किया जाएगा।

इस दौरान एमसीएम डीएवी कालेज फॉर वुमेन की छात्राएं आईटी गिद्दा और आईटी फैशन शो पेश करेंगी जो कि अपने आप में अनोखा होगा।

इस साल प्रशासन ने डेस्टिनेशन आईटी के माध्यम से युवाओं को आईटी के प्रति जागरूक करने की कोशिश की है। पिछले एक सप्ताह में कालेजों में आईटी से जुड़ी कई गतिविधियां आयोजित की गई हैं।


शहर में आईटी का हाल बेहाल
आठ सालों में आईटी कॉनक्लेव और ई रेवोल्यूशन से नाम बदलकर डेस्टिनेशन आईटी एट नार्थ तो हो गया लेकिन इसके बाद भी आठ सालों में आईटी उद्योग जस का तस रहा।

आठ सालों में ई रेवोल्यूशन के दौरान लाखों रुपये खर्च हो गए, लेकिन शहर में आईटी इंडस्ट्री के दिन नहीं बदले।

इन आठ सालों में कई बड़ी आईटी कंपनियां भाग खड़ी हुई तो आईटी स्माल एंड मिडियम एंटरप्रेन्योर (एसएमई) के लिए कोई ठोस पालिसी तक नहीं बन सकी।

हर साल सम्मेलन के दौरान बड़े-बड़े दावे होते हैं, कई योजनाएं भी बनती हैं लेकिन उसके बाद सब कुछ ठंडे बस्ते में चला जाता है।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed