{"_id":"5d96fd3c8ebc3e0159665112","slug":"anganwadi-panchayat-ghar-and-post-office-opened-in-school-hc-asked-which-officer-gave-permission","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्कूल के अंदर खुले आंगनबाड़ी, पंचायत घर व पोस्ट ऑफिस के लिए किसने दी अनुमति: हाईकोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्कूल के अंदर खुले आंगनबाड़ी, पंचायत घर व पोस्ट ऑफिस के लिए किसने दी अनुमति: हाईकोर्ट
Fri, 04 Oct 2019 01:37 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 04 Oct 2019 01:37 PM IST
विज्ञापन
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मानेसर के सरकारी गर्ल्स स्कूल के भीतर आंगनबाड़ी, पंचायत घर, पब्लिक हेल्थ सेंटर व पोस्ट ऑफिस खुले होने पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने हैरानी जताते हुए सरकार को जमकर फटकार लगाई। हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई पर इनकी मंजूरी से जुड़ा रिकॉर्ड व मंजूरी देने वाले अधिकारी का नाम हाईकोर्ट को बताने के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
मानेसर के राजकीय कन्या वरिष्ठ स्कूल की छात्रा कविता व अन्य ने हाईकोर्ट में अर्जी दायर कर उनके स्कूल में उनकी सुरक्षा के लिए उचित प्रबंध करने के निर्देश देने की मांग की थी। छात्राओं के वकील प्रदीप रापडिया ने कोर्ट को बताया कि लड़कियों का यह स्कूल शिक्षा के अलावा अन्य गतिविधियों के लिए भी प्रयोग किया जा रहा है। स्कूल की कोई चारदीवारी तक नही हैं जिसके चलते स्कूल में कई बार असामाजिक तत्व घुस कर कई स्कूल की संपति को नुकसान पहुंचा चुके हैं।
विज्ञापन
स्कूल की दीवारों पर काला पेंट रंग दिया गया है। इस बाबत स्कूल प्रशासन ने पुलिस को शिकायत भी दी थी। याचिकाकर्ता के वकील ने बताया कि कुछ लोग स्कूल जाने वाली छात्राओं को भयभीत करना चाहते है। याचिकाकर्ता के वकील ने कोर्ट से मांग की कि सरकार इस स्कूल की छात्राओं को उनके सुरक्षा व शिक्षा के अधिकार से वंचित न होने दिया जाए। छात्राओं को भय मुक्त व सुरक्षा देने की उनकी मांग पर कोई कार्रवाई नही कर रही। इससे पहले स्कूल व छात्राओं की तरफ से जिला अधिकारियों को भी मांगपत्र दिया गया था लेकिन उसका कोई फायदा नही हुआ।
विज्ञापन