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Hindi News ›   Chandigarh ›   Agarwal Commission will interrogate IAS Ayush Sinha after Diwali in Karnal lathi charge case

करनाल प्रकरण: दिवाली बाद आईएएस आयुष सिन्हा का तीखे सवालों से होगा सामना, आयोग जल्द जारी करेगा नोटिस

Thu, 21 Oct 2021 02:53 PM IST
ajay kumar यशपाल शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़
यशपाल शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Thu, 21 Oct 2021 02:53 PM IST
सार

दिवाली के बाद करनाल के तत्कालीन एसडीएम आयुष सिन्हा से अग्रवाल आयोग पूछताछ करेगा। आयोग जल्द ही नोटिस जारी करेगा। डीसी और एसपी को भी तलब किया जाएगा। अग्रवाल आयोग ने प्रश्न सूची भी तैयार कर ली है।

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Agarwal Commission will interrogate IAS Ayush Sinha after Diwali in Karnal lathi charge case
आयुष सिन्हा - फोटो : फाइल

विस्तार

जस्टिस एसएन अग्रवाल आयोग करनाल प्रकरण में आईएएस आयुष सिन्हा से दिवाली के बाद पूछताछ करेगा। आयोग की ओर से करनाल के तत्कालीन एसडीएम आयुष को जांच में शामिल होने के लिए जल्दी नोटिस जारी किया जाएगा। करनाल के वर्तमान डीसी, एसपी को भी आयोग तलब करने वाला है। आयुष से पूछताछ के लिए विशेष प्रश्नावली तैयार हो रही है। 

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बसताड़ा टोल प्लाजा लाठीचार्ज के समय वह करनाल में एसडीएम थे। पुलिसकर्मियों को आंदोलनरत किसानों के सिर फोड़ने के आदेश देते हुए उनका एक वीडियो वायरल हुआ था। जिस पर मामला खासा तूल पकड़ गया। सरकार ने जांच आयोग गठित करने के निर्णय के साथ ही आयुष को एसडीएम पद से हटाकर छुट्टी पर भेज दिया है। 
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जांच पूरी होने तक वह अवकाश पर ही रहेंगे। अग्रवाल आयोग प्रकरण की तह तक जाने के लिए उनसे तीखे सवाल पूछने की तैयारी कर रहा है। आयोग दो नवंबर को किसान नेता गुरनाम सिंह चढ़ूनी से पूछताछ करेगा। 3 नवंबर को छोटी दिवाली और 4 को दिवाली है। इसके बाद आयुष सिन्हा से पूछताछ होगी। 25 से 29 अक्तूबर तक 6-7 के समूह में किसानों के बयान कलमबद्घ किए जाएंगे। लाठीचार्ज का शिकार 32 से अधिक किसानों की गवाही होनी है।
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जांच की अवधि बढ़ाने के लिए आज लिखेंगे पत्र
जस्टिस अग्रवाल आयोग करनाल प्रकरण की जांच एक महीने में पूरी नहीं कर सकता। गुरुवार को आयोग अध्यक्ष सरकार को जांच की समय अवधि बढ़ाने के लिए पत्र लिखेंगे। कम से कम तीन महीने का समय मांगा जाएगा। सरकार ने 25 सितंबर से एक महीने के अंदर रिपोर्ट मांगी है, जो संभव नहीं है। नियुक्ति पत्र के बाद 11 अक्तूबर को उन्होंने ज्वाइन कर जांच शुरू की है। इसलिए एक महीने में जांच रिपोर्ट तैयार नहीं हो सकती। इस मामले की अभी बहुत पड़ताल बाकी है।

आयुष को इस तरह के प्रश्नों का करना होगा सामना

  • आपका वायरल वीडियो करनाल प्रकरण से कितने समय पहले का है। क्या बसताड़ा टोल प्लाजा पर किसानों के सिर उनके आदेश पर फोड़े गए।
  • वीडियो में जिस जगह पुलिस कर्मियों को लाठीचार्ज करने के आदेश दिए जा रहे हैं, क्या वह घटनास्थल ही है।
  • किसानों के सिर फोड़ने के लिए उन्हें किसी ने आदेश दिए थे या धारा प्रवाह में वह खुद ऐसा बोल गए।
  • प्रदर्शन कर रहे आंदोलनकारी किसानों को किसने उकसाया। लाठीचार्ज से पूर्व स्थिति नियंत्रित करने के लिए बतौर डयूटी मजिस्ट्रेट उन्होंने क्या कदम उठाए।
  • जिस प्रदर्शनकारी किसान की मौत हुई है, क्या उस पर बसताड़ा टोल प्लाजा पर लाठीचार्ज हुआ था।
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