{"_id":"5ee689848ebc3e42de77838d","slug":"aap-leader-yogeshwar-sharma-arrested-for-fraud-of-two-crores-from-former-ias-chandigarh-news-pkl3781868171","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व आईएएस से दो करोड़ की धोखाधड़ी में 'आप' नेता योगेश्वर शर्मा गिरफ्तार, कराया गया मेडिकल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्व आईएएस से दो करोड़ की धोखाधड़ी में 'आप' नेता योगेश्वर शर्मा गिरफ्तार, कराया गया मेडिकल
Mon, 15 Jun 2020 12:29 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Mon, 15 Jun 2020 12:29 PM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
पंजाब के एक पूर्व आईएएस अफसर से दो करोड़ रुपये से ज्यादा की धोखाधड़ी के मामले में चंडीगढ़ की अपराध शाखा पुलिस ने आम आदमी पार्टी के नेता योगेश्वर शर्मा को गिरफ्तार किया है। योगेश्वर शर्मा पर आरोप है कि उन्होंने पंजाब सचिवालय से रिटायर्ड आईएएस अधिकारी से रुपये लेने के बावजूद प्रॉपटी उनके नाम नहीं करवाई। सेक्टर-11 थाना पुलिस ने पंचकूला के सेक्टर-16 निवासी योगेश्वर शर्मा के खिलाफ आईपीसी 420 के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। बता दें कि योगेश्वर शर्मा ने बीते विधानसभा चुनाव में पंचकूला से आप के टिकट पर चुनाव लड़ा था।
विज्ञापन
मामला फरवरी वर्ष 2016 का है। पुलिस को दी शिकायत में पंजाब सचिवालय से रिटायर्ड आईएएस अधिकारी हरजीत सिंह ने बताया कि वह सेक्टर 40बी निवासी हैं। वर्ष 2013 में रिटायरमेंट के बाद वह चंडीगढ़ में प्रॉपर्टी की तलाश में जुट गए। इस दौरान उनका संपर्क चंडीगढ़ के एक प्रॉपर्टी डीलर से हुआ। प्रॉप्रटी डीलर ने उन्हें सेक्टर 46सी स्थित एससीओ नंबर 69 में बेसमेंट और ग्राउंड फ्लोर दिखाया। पचास प्रतिशत की हिस्सेदारी में 3.68 करोड़ में सौदा तय हुआ।
विज्ञापन
रिटायर्ड आईएएस अधिकारी हरजीत सिंह ने आरोप लगाते हुए बताया कि प्रॉपर्टी खरीदने के लिए दोनों पार्टियों के बीच चार महीने का एग्रीमेंट हुआ। आरोप है कि इसके बाद अगले दो साल तक कभी 90 लाख और 50 लाख धीरे-धीरे कर उन्होंने योगेश्वर शर्मा को दो करोड़ 5 लाख 50 हजार रुपये दे दिए। काफी दिनों तक इंतजार के बाद उन्होंने स्टेट ऑफिस पहुंचकर प्रॉपर्टी के बारे में जानकारी जुटाई।
विज्ञापन
इसमें सामने आया कि प्रॉपर्टी बेचने के बाद अभी तक कोई कागजात तैयार नहीं करवाया गया है। प्रॉपर्टी उनके और पत्नी रिंपी के नाम रजिस्ट्री होनी थी। इसके बावजूद अभी तक कोई रजिस्ट्री नहीं हुई और न ही उनके रुपये वापस लौटाए गए। इससे परेशान होकर उन्होंने 9 सितंबर 2019 को इसकी शिकायत चंडीगढ़ के डीजीपी संजय बेनीवाल को दी। जांच के बाद अब अपराध शाखा ने आरोपी योगेश्वर के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे पंचकूला के सेक्टर-16 से गिरफ्तार कर लिया है।
मनीमाजारा में करवाया मेडिकल
पंचकूला के सेक्टर-16 से रविवार देर शाम योगेश्वर शर्मा को गिरफ्तार करने के बाद अपराध शाखा की टीम ने उसका मनीमाजरा स्थित सरकारी अस्पताल में मेडिकल करवाया। वहीं दूसरी ओर पंजाब से रिटायर्ड शिकायतकर्ता हरजीत सिंह ने बताया कि दो करोड़ पांच लाख और पचास हजार रुपये देने के बाद योगेश्वर के पास चक्कर काट काट कर परेशान हो गया था। इतना ही वह फोन पर भी सीधे मुंह जवाब नहीं दे रहा था।