{"_id":"648175909ae9344e360a2901","slug":"38-percent-youths-failed-in-punjabi-language-test-in-recruitment-of-excise-and-taxation-department-2023-06-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"मातृ भाषा में ही पिछड़ रहे पंजाबी: आबकारी व कर इंस्पेक्टरों की भर्ती में 13 हजार से ज्यादा पंजाबी में फेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मातृ भाषा में ही पिछड़ रहे पंजाबी: आबकारी व कर इंस्पेक्टरों की भर्ती में 13 हजार से ज्यादा पंजाबी में फेल
Thu, 08 Jun 2023 12:00 PM IST
निवेदिता वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Thu, 08 Jun 2023 12:00 PM IST
सार
अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड की तरफ से कुछ समय पहले इंस्पेक्टरों की लिखित परीक्षा हुई थी। इसमें कुल 36836 आवेदक अपीयर हुए थे। इनमें से 22,957 परीक्षा पास कर पाए। 13879 आवेदक पंजाब की परीक्षा पास नहीं कर पाए।
विज्ञापन
Punjabi language
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब के युवा अब अंग्रेजी नहीं बल्कि अपनी मातृ भाषा की पढ़ाई में पिछड़ रहे हैं। इस वजह से उनका कॅरिअर तक प्रभावित हो रहा है। ताजा मामला आबकारी व कर विभाग में इंस्पेक्टरों की भर्ती से जुड़ा है। इसके लिए हुई पंजाबी भाषा की परीक्षा में 38 फीसदी युवा फेल हो गए हैं। युवा 50 फीसदी तक अंक हासिल नहीं कर पाए हैं। हालांकि माहिरों का मानना है कि इसके लिए युवा खुद जिम्मेदार हैं क्योंकि वह भाषा के महत्व को समझते नहीं हैं।
विज्ञापन
अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड की तरफ से कुछ समय पहले इंस्पेक्टरों की लिखित परीक्षा हुई थी। इसमें कुल 36836 आवेदक अपीयर हुए थे। इनमें से 22,957 परीक्षा पास कर पाए। 13879 आवेदक पंजाब की परीक्षा पास नहीं कर पाए। परीक्षा में 37.67 फीसदी फेल हुए हैं। ऐसे में ये युवा नौकरी की दौड़ से बाहर हो गए। सूत्रों की माने तो 46 फीसदी आवेदक ऐसे हैं जो 25 अंक लेने के बजाय सिर्फ एक से 10 अंक ही हासिल कर पाए हैं। इसी तरह 3678 आवेदक 11 से 20 फीसदी अंक ही हासिल कर पाए हैं। 10152 आवेदक 20 से 25 के बीच अंक हासिल कर पाए हैं। यह परीक्षा देने वालों में 19,457 लड़कियां हैं।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें: Punjab Housing Policy: कुंवारे नहीं ले सकेंगे गरीब कोटे के मकान, विधवा और तलाकशुदा कर सकेंगे आवेदन
विज्ञापन
अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड की तरफ से स्टेनो टाइपिस्ट की लिखित परीक्षा में 4627 आवेदक बैठे थे। इनमें से 20.38 फीसदी उम्मीदवार पंजाबी में फेल हो गए हैं। वेटरिनरी इंस्पेक्टर की भर्ती के लिए हुई परीक्षा में 9.20 फीसदी आवेदक पंजाबी में फेल हो गए हैं। लाइव स्टॉक सुपरवाइजर की परीक्षा में छह फीसदी परीक्षा पास नहीं कर पाए हैं। इन आवेदकों ने ग्रेजुएशन तक पंजाबी पढ़ी हुई है। हालांकि परीक्षा में फेल होना नई बात नहीं है।
कुछ समय पहले पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड में भी कंप्यूटर ऑपरेटर पद पर भर्ती हुई थी। इसमें कई युवा टेस्ट में फेल हो गए थे। हाल ही में पीएसईबी ने 10वीं कक्षा का रिजल्ट घोषित किया था। इसमें पंजाबी विषय की परीक्षा में 281267 विद्यार्थी अपीयर हुए थे। इसमें 279002 ने परीक्षा पास की थी। जबकि अंग्रेजी की परीक्षा में 281318 अपीयर हुए थे। इसमें 279142 पास हुए थे।
एक बार फिर से सोचना होगा
शिक्षाविद व कॅरिअर काउंसिलर गिरीश आनंद का मानना है कि जिस भी इलाके में आप रहते हैं, वहां की भाषा का ज्ञान होना बहुत जरूरी है। अगर आप उस इलाके की स्थानीय भाषा को नहीं समझते हैं, तो आप वहां के लोगों के दुख-दर्द को भी नहीं समझ सकते हैं। यह एक खतरनाक ट्रेंड है। पेरेंट्स को अंग्रेजी के अलावा अन्य भाषाओं के बारे में भी सोचना होगा। वहीं, परिजनों को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।