फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   पीएचसी बरवाला के मरीज एक छोटी सी एम्बुलेंस के सहारे। सभी मरीजों को नहीं मिल पाती एम्बुलेंस की सुविधा।

पीएचसी बरवाला के मरीज एक छोटी सी एम्बुलेंस के सहारे। सभी मरीजों को नहीं मिल पाती एम्बुलेंस की सुविधा।

Sun, 08 Jul 2018 01:48 AM IST
Updated Sun, 08 Jul 2018 01:48 AM IST
विज्ञापन
पीएचसी बरवाला के मरीज एक छोटी सी एम्बुलेंस के सहारे। सभी मरीजों को नहीं मिल पाती एम्बुलेंस की सुविधा।
18 गांवों की आबादी और एंबुुलेंस एक
विज्ञापन


- बरवाला पीएचसी के अंतर्गत आते हैं बरवाला, भरैली, मौली व ककराली चार सब सेंटर
- ग्रामीणों ने एक छोटी एंबुलेंस को बताया नाकाफी, बोले, मौके पर नहीं मिलती एंबुलेंस

अमर उजाला ब्यूरो
बरवाला। इन दिनों बरवाला के प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र (पीएचसी) में आने वाले मरीज को निजी वाहनों के जरिये पंचकूला और चंडीगढ़ जैसे उच्च स्तर के अस्पतालों में रेफर किया जा रहा है। क्योंकि पीएचसी में केवल एक ही एंबुलेंस हैं। जिससे सभी मरीजों को समय पर एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिलती है। कस्बे के निवासी कृष्ण पाल राणा, राजपाल सैनी, मौली वासी मिथुन, रणदीप सिंह, करनैल सिंह व चमन आदि ने बताया कि इस पीएचसी के अंतर्गत बरवाला, भरैली, मौली व ककराली चार सब सेंटर व 18 गांव आते हैं। इसके अलावा कई पोल्ट्री फार्म, ईंट-भट्टे पर रहने वाले अप्रवासी मजदूर भी अपनी बीमारी के इलाज के लिए पीएचसी की ओर रुख करते हैं। जिस वजह से किसी भी समय एंबुलेंस की आवश्यकता पड़ती रहती है। इसके अलावा पीएचसी में गांवों के मरीजों, गर्भवती महिलाओं व नेशनल हाईवे पर दुर्घटनाओं का शिकार होने वाले लोगों को कई बार समय पर एंबुलेंस नहीं मिल पाती, क्योंकि एंबुलेंस पहले से ही किसी मरीज को पंचकूला, सेक्टर-6, अस्पताल में लेकर गई होती है। समय पर एंबुलेंस न मिलने पर दुर्घटना में घायल व्यक्ति मौके पर ही दम तोड़ देता है। ऐसे में लोगों को अपने मरीजों व गर्भवती महिलाओं के लिए किराए पर वाहन कर अस्पताल जाना पड़ता है। साथ ही लोगों का कहना है कि विभाग की ओर से जो एंबुलेंस बरवाला पीएचसी को दी हुई है वह इतनी छोटी है कि उसमें दुर्घटना होने पर एक या दो ही मरीज आ सकते हैं और मरीज के साथ जाने वाले व्यक्ति के लिए एंबुलेंस में बैठने के लिए जगह ही नहीं बचती। जिस वजह से लोगों ने एक ओर एंबुलेंस की व्यवस्था करने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed