Bihar News: 'दो लाख रुपये में डील हुई थी', पटना अटल पथ हंगामे पर एसएसपी ने किसकी बताई साजिश? जानें सबकुछ
Bihar: यह बवाल 15 अगस्त को हुई उस घटना से जुड़ा है, जिसमें पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के रोड नंबर 12 स्थित एक बंद गैरेज से दो मासूम बच्चे दीपक और खुशी का शव बरामद हुआ था। इस घटना के बाद से लोगों में गहरा आक्रोश है।
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राजधानी पटना के अटल पथ पर सोमवार को हुए बवाल को लेकर पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने मंगलवार को प्रेस वार्ता कर बताया कि यह घटना एक सोची-समझी साजिश का नतीजा है।
एसएसपी ने कहा कि इस पूरे उपद्रव के पीछे स्थानीय वार्ड पार्षद टूटु का हाथ है। आरोप है कि वार्ड पार्षद ने दो लाख रुपये की डील कर आठ लोगों को पत्थरबाजी और आगजनी के लिए पैसे दिए। यह पूरी साजिश हरिहर चैंबर में रची गई थी। पुलिस ने अब तक 40 उपद्रवियों की पहचान कर ली है।
मासूम बच्चों की मौत से जुड़ा मामला
यह बवाल 15 अगस्त को हुई उस घटना से जुड़ा है, जिसमें पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के रोड नंबर 12 स्थित एक बंद गैरेज से दो मासूम बच्चे दीपक और खुशी का शव बरामद हुआ था। इस घटना के बाद से लोगों में गहरा आक्रोश है।
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बेकाबू भीड़ का तांडव
सोमवार शाम बड़ी संख्या में लोग अटल पथ पर जमा हो गए और देखते ही देखते भीड़ ने कई वाहनों में आग लगा दी। पुलिस की गाड़ियां और राहगीरों की बाइक तक जला दी गईं। यहां तक कि भीड़ ने माननीय की गाड़ी को भी निशाना बनाया। एस्कॉर्ट कर गाड़ी को निकालने की कोशिश कर रही पुलिस पर उपद्रवियों ने पत्थरबाजी और डंडों से हमला कर दिया, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।
अफसर मौके पर पहुँचे
माननीय पर हमले के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। तत्काल केंद्रीय आईजी जितेंद्र राणा, पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा, पटना सिटी एसपी दीक्षा समेत कई थानों की पुलिस भारी दलबल के साथ मौके पर पहुँची। काफी प्रयासों के बाद स्थिति पर काबू पाया गया और जाम हटाया गया। करीब 45 मिनट तक अटल पथ, मरीन ड्राइव, दीघा और आर ब्लॉक जैसे वीआईपी इलाकों में आवागमन बाधित रहा। पूरा इलाका रणक्षेत्र में तब्दील हो गया था।