Bihar: आपदा से निपटने को बिहार को मिला सशक्त केंद्र, बिहटा में एसडीआरएफ मुख्यालय का सीएम नीतीश ने किया उद्घाटन
Bihar: वर्ष 2013 में भवन निर्माण विभाग द्वारा अस्थायी पोटा केबिन बनाए गए थे। इन संरचनाओं के पुराने हो जाने और बल की संख्या बढ़ने से आवासन और कार्यालय संचालन में कठिनाई हो रही थी। इसी कारण ये सुविधाएं दी गईं है।
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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना जिले के बिहटा में एसडीआरएफ वाहिनी मुख्यालय के नये भवन का शिलापट्ट अनावरण और फीता काटकर उद्घाटन किया। उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री ने नवनिर्मित भवन और पूरे परिसर का निरीक्षण किया तथा वहां की व्यवस्थाओं की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने एसडीआरएफ द्वारा बाढ़ और आपदा के समय किए जा रहे कार्यों की जानकारी भी ली। वहीं प्रदर्शनी में लगाए गए आपदा उपकरणों और साधनों की कार्यपद्धति के बारे में जानकारी हासिल की। मुख्यमंत्री ने जवानों की हौसलाअफजाई करते हुए कहा कि आप लोग इसी तरह अच्छे से कार्य करते रहिए।
गौरतलब है कि बाढ़, आगजनी, भूकंप, चक्रवात और नदी में डूबने की घटनाओं जैसी आपदाओं के दौरान खोज, बचाव और राहत कार्यों के लिए एसडीआरएफ का गठन आपदा प्रबंधन अधिनियम 2006 के तहत किया गया। इसके बटालियन मुख्यालय के लिए पटना के बिहटा में 25 एकड़ भूमि उपलब्ध कराई गई थी। वर्ष 2013 में भवन निर्माण विभाग द्वारा अस्थायी पोटा केबिन बनाए गए थे। इन संरचनाओं के पुराने हो जाने और बल की संख्या बढ़ने से आवासन और कार्यालय संचालन में कठिनाई हो रही थी। इसी कारण मुख्यमंत्री के निर्देश पर एसडीआरएफ के अधिकारियों और जवानों के बेहतर आवासन, प्रशिक्षण और कार्यालय के लिए आपदा प्रबंधन विभाग ने 267.24 करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी दी।
इस योजना का शिलान्यास 30 अप्रैल 2023 को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया था। इसके बाद वे कई बार निर्माण स्थल का निरीक्षण भी कर चुके थे। 11 जुलाई 2025 को निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्य को शीघ्र पूरा करने, छतों पर सोलर लगाने और परिसर के पहुंच पथ को दुरुस्त करने का निर्देश दिया था।
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आज उद्घाटन किए गए भवनों में 4 मंजिला प्रशासनिक भवन, 3 मंजिला प्रशिक्षण भवन जिसमें 6 स्मार्ट क्लास रूम, पुस्तकालय, सभाकक्ष, कम्प्यूटर लैब और फैकल्टी कक्ष हैं। इसके अलावा 3 मंजिला क्वार्टर मास्टर स्टोर बनाया गया है, जहां आपदा से जुड़े उपकरण और नाव रखे जाएंगे। 3 मंजिला क्यूआरटी भवन में बहुउद्देशीय हॉल, डॉरमेट्री और डाइनिंग हॉल की सुविधा है।
कर्मियों के आवासन के लिए 3 बैरक बनाए गए हैं, जिनमें 300 लोग रह सकते हैं। हेड कांस्टेबल और कांस्टेबल के लिए 132 फ्लैट का निर्माण किया गया है। ऑफिसर्स मेस में 6 गेस्ट रूम, मीटिंग रूम और डाइनिंग हॉल हैं। वहीं कमांडेंट, डिप्टी कमांडेंट, इंस्पेक्टर, सब इंस्पेक्टर और डॉक्टर के लिए अलग-अलग आवासीय भवन बनाए गए हैं। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, सचिव कुमार रवि, आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव सह पटना प्रमंडल के आयुक्त चंद्रशेखर सिंह, जिलाधिकारी त्यागराजन एसएम, वरीय पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के शर्मा सहित अन्य अधिकारी, एसडीआरएफ के पदाधिकारी और जवान मौजूद थे।