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Industry Development: एक्जिट पॉलिसी 2023 के 28 लाभार्थियों को बांटे चेक, निवेशकों-बियाडा के आपसी सहयोग पर जोर
Tue, 11 Mar 2025 08:34 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: हिमांशु प्रियदर्शी
Updated Tue, 11 Mar 2025 08:34 PM IST
सार
Bihar Industry Development: उद्योग मंत्री नीतीश मिश्र ने कहा कि बियाडा और निवेशक एक-दूसरे के पूरक हैं। इनके बिना उद्योग विभाग का कोई अस्तित्व नहीं है। उन्होंने बियाडा की भूमिका को बिहार के विकास में अत्यंत महत्वपूर्ण बताया।
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उद्योग मंत्री नीतीश मिश्र और बियाडा के एमडी कुंदन कुमार।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बिहार में औद्योगिक माहौल को सशक्त करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार (बियाडा) के मुख्यालय में एक्जिट पॉलिसी 2023 के तहत 28 लाभार्थियों के बीच चेक वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में चेक का वितरण उद्योग मंत्री नीतीश मिश्र द्वारा किया गया। इस अवसर पर बियाडा के वरिष्ठ पदाधिकारी, निवेशकगण और उद्योग जगत के विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे।
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कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री नीतीश मिश्र ने कहा कि बियाडा और निवेशक एक-दूसरे के पूरक हैं। इनके बिना उद्योग विभाग का कोई अस्तित्व नहीं है। उन्होंने बियाडा की भूमिका को बिहार के विकास में अत्यंत महत्वपूर्ण बताया और कहा कि बियाडा के माध्यम से राज्य में उद्योगों को बढ़ावा देने की दिशा में ठोस कार्य हो रहा है।
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बिहार के सबसे बड़े औद्योगिक प्रोजेक्ट पर जोर
उन्होंने जानकारी दी कि बिहार का सबसे बड़ा औद्योगिक प्रोजेक्ट ए.के.आई.सी. (AKIC) बियाडा के माध्यम से विकसित किया जा रहा है। इसके अलावा गया जिले के डोभी ब्लॉक में एकीकृत विनिर्माण क्लस्टर (IMC) की स्थापना की योजना पर भी काम हो रहा है। इसके लिए लगभग 1670 एकड़ भूमि की पहचान की गई है, जो 13 राजस्व गांवों में फैली हुई है।
इस परियोजना का स्थान NH 22 (डोभी-चतरा रोड) के पास है, जो NH 19 (स्वर्णिम चतुर्भुज) से मात्र सात किलोमीटर की दूरी पर है। साथ ही गया अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा भी यहां से लगभग 25 किलोमीटर दूर स्थित है। ये सभी कनेक्टिविटी फैक्टर निवेशकों के लिए इस क्षेत्र को आकर्षक बनाते हैं।
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निवेशकों को प्रेरित करने पर विशेष बल
मंत्री ने कहा कि निवेशकों को मार्गदर्शन और प्रोत्साहन देने के लिए सरकार लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक औद्योगिक क्षेत्र का मास्टर प्लान तैयार किया जाना आवश्यक है, जिससे नियोजित विकास सुनिश्चित हो सके। उन्होंने राज्य के समग्र औद्योगिक विकास में निवेशकों के योगदान को अमूल्य बताया और कहा कि सरकार ऐसे सभी प्रयासों का स्वागत करती है।
बियाडा के प्रबंध निदेशक का प्रस्तुतीकरण
कार्यक्रम में बियाडा के प्रबंध निदेशक कुंदन कुमार (आईएएस) ने भी अपना वक्तव्य प्रस्तुत किया। उन्होंने बियाडा की हालिया उपलब्धियों, कार्यक्रमों और कार्यप्रणाली पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बियाडा की पहचान उसके निवेशकों से है और एक्जिट पॉलिसी 2023 के तहत भूमि लौटाने वाले उद्यमियों को उचित सम्मान और राहत राशि दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि अब तक 32 उद्यमियों ने अपनी बंद इकाइयों की भूमि वापस की है, जिनमें से चार को पहले ही भुगतान मिल चुका था, जबकि शेष 28 लाभार्थियों को आज के कार्यक्रम में चेक प्रदान किए गए। उन्होंने कहा कि बियाडा का प्रयास है कि बंद पड़ी औद्योगिक इकाइयों की भूमि फिर से सक्रिय उपयोग में लाई जाए, ताकि औद्योगिक गतिविधियों को गति मिले।
एग्जिट पॉलिसी से बढ़ेगा औद्योगिक क्षेत्र में पुनर्निवेश
बिहार सरकार द्वारा लागू की गई एग्जिट पॉलिसी 2023 का उद्देश्य औद्योगिक क्षेत्र में ठहराव को दूर करना और भूमि का पुनः सदुपयोग सुनिश्चित करना है। यह नीति उन उद्यमियों के लिए एक राहत की तरह है, जिनकी इकाइयां किसी कारणवश बंद हो गई थीं। इस नीति के माध्यम से वे अपनी भूमि सरकार को वापस सौंप सकते हैं और उचित मुआवजा प्राप्त कर सकते हैं।
उद्योग संघों और चैंबर ऑफ कॉमर्स की सहभागिता
कार्यक्रम में बिहार उद्योग संघ के अध्यक्ष के.पी.एस. केशरी और बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष सुभाष पटवारी की भी उपस्थिति रही। उन्होंने बियाडा और उद्योग मंत्री के प्रयासों की सराहना की और भविष्य में सरकार और निजी क्षेत्र के सहयोग को और मजबूत करने की उम्मीद जताई।