Bihar AI Summit: 'बिहार सरकार जल्द ही लाने जा रही है एआई पॉलिसी', सीएम सम्राट चौधरी ने समिट में और क्या कहा?
Bihar News: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने का कि संचार क्रांति के इस युग में एआई का रोल काफी अहम है। उन्होंने सभी विभागों से एआई का अधिक से अधिक उपयोग करने की अपील की। आइये जानते हैं मुख्यमंत्री ने एआई समिट में क्या कहा?
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मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एलान किया है कि बिहार सरकार जल्द ही एआई पॉलिसी लाने जा रही है। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिए बिहार को देश के अग्रणी विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल किया जाएगा। पटना के ऊर्जा स्टेडियम में आयोजित ‘बिहार एआई समिट-2026’ का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी विभागों में एआई का अधिक से अधिक उपयोग किया जाएगा, जिससे योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता आएगी और आम लोगों की समस्याओं का तेजी से समाधान हो सकेगा।
सम्राट चौधरी ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल तकनीक बिहार के विकास की नई दिशा तय करेंगे। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों का स्वागत करते हुए कहा कि एआई के माध्यम से सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और तेजी आएगी। उन्होंने कहा कि बिहार अब तकनीक के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और आने वाले समय में राज्य देश के अग्रणी विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल होगा।
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एआई तकनीक शासन-प्रशासन के लिए काफी सहायक साबित हो रही
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज दुनिया में मोबाइल और इंटरनेट का तेजी से विस्तार हुआ है और एआई तकनीक शासन-प्रशासन के लिए बड़ा सहायक साबित हो रही है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार में सड़क, बिजली और पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं के विकास ने राज्य को नई पहचान दी है। अब तकनीक के जरिए बिहार को नई ऊंचाई पर पहुंचाने का समय है। उन्होंने कहा कि विक्रमशिला विश्वविद्यालय को फाइनेंशियल हब के रूप में विकसित किया जाएगा और राज्य में तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा दिया जाएगा।
तकनीक के इस्तेमाल से लोगों की समस्याओं का समाधान तेजी से होगा
सम्राट चौधरी ने पंचायत स्तर पर आयोजित हो रहे सहयोग शिविरों का जिक्र करते हुए कहा कि तकनीक के इस्तेमाल से लोगों की समस्याओं का समाधान तेजी से होगा। उन्होंने कहा कि यदि किसी आवेदन पर तीन दिनों के भीतर कार्रवाई नहीं होती है तो संबंधित अधिकारी पर जवाबदेही तय की जाएगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि व्यवस्था ऐसी बनाई जाए जिससे आम लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ें। उन्होंने युवाओं से बिहार के विकास के लिए सुझाव देने की अपील भी की।
रोजगार और उद्योग बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही है
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने बिहार लौट रहे प्रवासी श्रमिकों और युवाओं की भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में रोजगार और उद्योग बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य के सभी 534 प्रखंडों में मॉडल स्कूल खोले जाएंगे। नगर निगम क्षेत्रों में पांच-पांच मॉडल स्कूल और छोटे जिलों में तीन से चार मॉडल स्कूल स्थापित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों और मंत्रियों से इन स्कूलों की नियमित मॉनिटरिंग करने को कहा।
सरकार 20 हजार मेगावाट बिजली उत्पादन का लक्ष्य लेकर काम कर रही
मुख्यमंत्री ने गंगा नदी पर 125 किलोमीटर लंबे एक्सप्रेस-वे निर्माण की घोषणा करते हुए कहा कि करीब 30 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना को अगले तीन वर्षों में पीपीपी मॉडल पर पूरा किया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए राज्य के 211 प्रखंडों में डिजिटल लाइब्रेरी और रीडिंग जोन विकसित किए जाएंगे। साथ ही उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सरकार 20 हजार मेगावाट बिजली उत्पादन का लक्ष्य लेकर काम कर रही है।