लालू प्रसाद पर जुबानी हमले से बौखलाए तेजस्वी, ट्वीट कर नीतीश कुमार और सुशील मोदी पर बरसे
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राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव पर सुशील कुमार मोदी की टिप्पणी के बाद बेटे तेजस्वी यादव ने अपने ट्विटर एकाउंट पर जमकर भड़ास निकाली है। एक के बाद एक लगातार ट्वीट कर उन्होंने बिहार के उप मुख्यमंत्री और भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी के साथ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर आक्रोश निकाला है। 'मोदी' पर राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर मानहानि की तैयारी कर रहे सुशील मोदी पर तेजस्वी ने भी इसी 'मोदी' शब्द को लेकर हमला बोला।
सृजन चोर सुशील मोदी हार देख बौखला गए है। मानसिक दिवालिएपन की पराकाष्ठा लाँघ कह रहे है लालू जी संघ से मिले हुए है।
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अरे, लालू जी वो है जिन्होंने संघियों की आँखों में उंगली डाल बिगड़ैल बलवाई संघियों की नाक में रस्सी पिरोई है।
कोई और बहाना खोजों, राफ़ेल चोर के गोतिया भाई सृजन चोर!— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) April 17, 2019
तेजस्वी ने ट्वीट किया कि देश के लाखों-करोड़ रुपये लुटाकर भगाने वाले और लूटकर भागने वाले एक ही 'वर्ण और जात-बिरादरी' के है। इन भगौड़े डकैतों और चोर-लुटेरों में एक भी दलित-पिछड़ा,आदिवासी और मुसलमान नहीं है। तो देश के महाचोर खानदानी ठग-लुटेरे किस डकैत जमात के हुए? बोलो रे छाती पीटने वाले ठगों!
मालूम हो कि सुशील मोदी ने प्रेस कांफ्रेंस कर लालू प्रसाद पर हमला बोला था। साथ ही उन्होंने अपने ट्विटर एकाउंट से ट्वीट कर साल 1990 में भाजपा से लालू प्रसाद के समर्थन मांगने और साल 1973 में छात्र संघ चुनाव जीतने के बाद धन्यवाद देने के बारे में दावा किया था।
सुशील मोदी का आरोप है कि 1990 में भाजपा का समर्थन मांगने लालू प्रसाद भाजपा कार्यालय आए थे और कैलाश पति मिश्रा के 39 विधायकों के समर्थन के बाद ही सीएम बन पाए। अपने स्वार्थ के लिए लालू किसी का भी पांव पकड़ सकते हैं। साथ ही लिखा कि आरएसएस को दिन रात गाली देने वाले लालू प्रसाद 1973 में छात्र संघ चुनाव अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के साथ लड़े थे और जीतने के बाद संघ कार्यालय धन्यवाद देने गए थे।
१९९० में भाजपा का समर्थन माँगने लालू प्रसाद भाजपा कार्यालय आए और कैलाश पति मिश्राजी का ३९ MLA के समर्थन पत्र के बाद ही CM बन पाए ।अपने स्वार्थ के लिए लालू किसी का भी पाँव पकड़ सकते हैं।
— Chowkidar Sushil Kumar Modi (@SushilModi) April 17, 2019
सुशील मोदी को बताया-सृजन चोर
बिहार के भागलपुर में हुए सृजन घोटाले को लेकर तेजस्वी ने सुशील मोदी पर निशाना साधा और उन्हें सृजन चोर बता डाला। मंगलवार को भी उन्होंने पटना एयरपोर्ट पर उन्हें सृजन चोर कह कर मानहानि करने की चुनौती दी थी। आज उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि सृजन चोर सुशील मोदी हार देख बौखला गए है। मानसिक दिवालियापन की पराकाष्ठा लांघ कर कह रहे हैं कि लालू जी संघ से मिले हुए है।
'लालूजी ने 15 साल में एक भी दंगा नहीं होने दिया'
उन्होंने ट्वीट किया कि अरे, लालू जी वो है जिन्होंने संघियों की आंखों में उंगली डाल बिगड़ैल संघियों की नाक में रस्सी पिरोई है। कोई और बहाना खोजों, राफ़ेल चोर के गोतिया भाई सृजन चोर जी! लालू जी ने संघ की घृणित नफरती राजनीति को बिहार में पांव पसारने नहीं दिया। आडवाणी जी को नकेल डाल उनकी उन्मादी यात्रा को रोका। 15 वर्ष में एक भी दंगा होने नहीं दिया! ख़ानदानी चोर साहब, हार की बौखलाहट में आपकी कुतर्कों से परिपूर्ण मूर्खता पर ठहाके लगा लोग हंस रहे है।
नीतीश कुमार को 'चाचा' कह कसा तंज
तेजस्वी ने न केवल सुशील मोदी को निशाने पर लिया, बल्कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी निशाना साधा। उन्होंने लिखा कि नीतीश जी संघ की गोद में लेटे दूध पी रहे है। बिहार में संघ के असल जन्मदाता नीतीश जी है। संघियों ने पलटी मारने के छह महीने बाद इनको दूध पिलाना बंद किया तो फिर लालू जी की शरण में आना चाहते थे।
आगे उन्होंने तंज कसा कि चाचा, कब तक अपने सहबाला सृजन चोर जैसी पंचर स्टेपनी के बूते अपनी रेंगती राजनीति को खींचेंगे?