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बिहार: उषा कुमारी को मिलेगा राज्य शिक्षक सम्मान 2026, पटना में होंगी सम्मानित; नवाचारी शिक्षण से बनाई पहचान
Sat, 05 Sep 2026 03:03 PM IST
दरभंगा ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मधुबनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मधुबनी
Published by: दरभंगा ब्यूरो
Updated Sat, 05 Sep 2026 03:03 PM IST
सार
मधुबनी जिले के झंझारपुर प्रखंड स्थित प्राथमिक विद्यालय कोठिया कन्या की प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी का राज्य शिक्षक सम्मान 2026 के लिए चयन हुआ है। नवाचारी शिक्षा, रचनात्मक गतिविधियों, खेल-खेल में पढ़ाई और बच्चों के प्रति समर्पण के लिए उन्हें शिक्षक दिवस के अवसर पर पटना में सम्मानित किया जाएगा।
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उषा कुमारी को मिलेगा राज्य शिक्षक सम्मान 2026
- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
मधुबनी की धरती की गौरवशाली बेटी और झंझारपुर प्रखंड स्थित प्राथमिक विद्यालय कोठिया कन्या की प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी का राज्य शिक्षक सम्मान 2026 के लिए चयन होना पूरे मधुबनी जिले के लिए गर्व और हर्ष का विषय है। शिक्षक दिवस के अवसर पर मिलने वाला यह सम्मान उनके समर्पण, नवाचार और शिक्षा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का सम्मान है। उषा कुमारी ने अपने उत्कृष्ट शिक्षण कार्य से न केवल विद्यालय के बच्चों के भविष्य को संवारने का कार्य किया है, बल्कि समावेशी शिक्षा एवं सरकार की विभिन्न शैक्षणिक योजनाओं को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू कर एक अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। बच्चों को सरल, रोचक और नवाचारी तरीके से पढ़ाने के उनके प्रयास लगातार चर्चित रहते हैं और उनके उत्कृष्ट कार्यों को सरकारी स्तर पर भी सराहा एवं साझा किया जाता रहा है।
नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर चयन
प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी ने बताया कि उनका चयन नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट और विशिष्ट प्रदर्शन के आधार पर किया गया है। उन्होंने पारंपरिक ढर्रे से अलग हटकर विद्यालय के शैक्षणिक माहौल को एक नई दिशा दी है। स्कूल में महज किताबों तक सीमित पठन-पाठन कराने के बजाय वे बच्चों को विभिन्न प्रकार की रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ती हैं। खेल-खेल में पढ़ाई, शिक्षण सामग्री का प्रभावी उपयोग और प्रयोगात्मक तरीकों के माध्यम से वे कठिन विषयों को भी सरल बना देती हैं।
ये भी पढ़ें- बिहार में IAS अधिकारियों का फेरबदल: गुंजन सिंह बनीं सूचना एवं जनसंपर्क निदेशक, और कौन-कौन अधिकारी कहां गए?
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बता दें कि, एक शिक्षिका के रूप में उषा की सक्रियता, रचनात्मकता और बच्चों के प्रति समर्पण निश्चित रूप से अन्य शिक्षकों के लिए भी प्रेरणादायी है। पूरे मधुबनीवास के लिए यह गौरव का क्षण है।
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नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर चयन
प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी ने बताया कि उनका चयन नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट और विशिष्ट प्रदर्शन के आधार पर किया गया है। उन्होंने पारंपरिक ढर्रे से अलग हटकर विद्यालय के शैक्षणिक माहौल को एक नई दिशा दी है। स्कूल में महज किताबों तक सीमित पठन-पाठन कराने के बजाय वे बच्चों को विभिन्न प्रकार की रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ती हैं। खेल-खेल में पढ़ाई, शिक्षण सामग्री का प्रभावी उपयोग और प्रयोगात्मक तरीकों के माध्यम से वे कठिन विषयों को भी सरल बना देती हैं।
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बता दें कि, एक शिक्षिका के रूप में उषा की सक्रियता, रचनात्मकता और बच्चों के प्रति समर्पण निश्चित रूप से अन्य शिक्षकों के लिए भी प्रेरणादायी है। पूरे मधुबनीवास के लिए यह गौरव का क्षण है।