अंबेडकरनगर जिले के प्रभारी व प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने सपा और कांग्रेस के संभावित गठबंधन पर तीखा हमला बोला। बृहस्पतिवार को सर्किट हाउस में उन्होंने कहा कि सपा किसी से भी गठबंधन कर लें लेकिन 2027 में सरकार बनाने का उसका सपना पूरा नहीं होगा। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में विकास के लिए योगी मॉडल की पहचान बनी है और 2027 में योगी आदित्यनाथ तीसरी बार मुख्यमंत्री बनेंगे। शिवपाल यादव के सपा-कांग्रेस गठबंधन संबंधी बयान पर राजभर ने कहा कि गठबंधन करने से सपा की राजनीतिक स्थिति नहीं बदलेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सड़कों और रेल कनेक्टिविटी में सुधार हुआ है और विकास के काम लगातार आगे बढ़ रहे हैं। अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि वह राममनोहर लोहिया और जयप्रकाश नारायण को अपना आदर्श बताते हैं, लेकिन उनके नाम पर बने जेपीएनआईसी में 200 करोड़ रुपये के बजाय 865 करोड़ रुपये खर्च होने और काम पूरा नहीं होने का आरोप है। उन्होंने इसे बड़ा घोटाला बताया। राजभर ने कहा कि खनन मामले में सीबीआई की एफआईआर में अखिलेश यादव का नाम है और उनके कार्यकाल में गोमती रिवर फ्रंट समेत 22 घोटाले हुए हैं। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव केवल योगी सरकार पर अंगुली उठा रहे हैं। तंज कसते हुए राजभर ने कहा कि अखिलेश 2027 की नहीं, अगले जन्म की पैदाइश की तैयारी करें। अब एक बार मुस्लिम नेता को बनाएं राजभर ने सपा के पीडीए को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पिछली बार 17 और दूसरी बार 22 में हार मिली, अब 27 में भी हार होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा सरकार के दौरान केवल एक जाति को बढ़ावा दिया गया और 20 प्रतिशत मुसलमानों के साथ धोखा हुआ। उन्होंने कहा कि मुसलमानों ने चार बार यादव को मुख्यमंत्री बनाया है, इसलिए अब यादवों का कर्तव्य है कि एक बार किसी मुस्लिम नेता को मुख्यमंत्री बनाएं। उनका आरोप था कि सपा-कांग्रेस में किसी नेता में इतनी हिम्मत नहीं है कि वह किसी मुस्लिम को मुख्यमंत्री बनाने की बात खुलकर कह सके।