जोड़ और मांसपेशियों में दर्द रहना, गठिया की दस्तक है। इसे नजरअंदाज किया तो टेढ़ी चाल और कट-कट की आवाज आने लगी। अगर ऐसा हो रहा है तो समझ लो घुटने जवाब देने लगे हैं। एसएन मेडिकल कॉलेज के हड्डी रोग विभाग में रोजाना औसतन 450 मरीज आ रहे हैं। इसमें कमर, गर्दन, जोड़ और मांसपेशियों में दर्द के करीब 70 फीसदी मरीज होते हैं। इनमें 30-45 की उम्र के करीब 35 फीसदी में गठिया के ये लक्षण दिखे। इनमें 12 फीसदी मरीजों के पैरों में तिरछापन, चलने-बैठने और उठने पर कट-कट की आवाज आना, ज्यादा देर तक खड़े रहने से जोड़ों में सूजन-दर्द रहने की परेशानी मिल रही है।