नाहन(सिरमौर)। माइंड ट्री स्कूल परिसर में दशहरा उत्सव बड़े हर्षोल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय का वातावरण उत्सवमय रहा। नर्सरी कक्षा से लेकर नौवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों के माध्यम से त्योहार के धार्मिक, सांस्कृतिक और नैतिक महत्व को भी दर्शाया गया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया। दशहरा पर्व के महत्व को रेखांकित करते हुए बच्चों ने भारतीय संस्कृति और परंपराओं के प्रति अपनी समझ और उत्साह का परिचय दिया। इस अवसर पर विद्यालय की प्रधानाचार्या मधु वाडके ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि दशहरा पर्व हमें बुराई पर अच्छाई, असत्य पर सत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश देता है। उन्होंने विद्यार्थियों को भगवान श्रीराम के आदर्शों से प्रेरणा लेने तथा अपने जीवन में सत्य, ईमानदारी, अनुशासन और सदाचार को अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि रावण दहन का वास्तविक अर्थ केवल पुतले का दहन करना नहीं, बल्कि अपने भीतर मौजूद अहंकार, क्रोध, ईष्या और अन्य नकारात्मक प्रवृत्तियों को समाप्त करने का संकल्प लेना है। यदि विद्यार्थी इन बुराइयों से दूर रहकर अच्छे संस्कारों और सकारात्मक विचारों को अपनाएं, तो वे अपने जीवन में बेहतर इंसान बन सकते हैं। विद्यालय परिसर में आयोजित दशहरा उत्सव का समापन रावण दहन के साथ किया गया। इस दौरान बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक दशहरा पर्व का संदेश विद्यार्थियों तक पहुंचाया गया। कार्यक्रम ने बच्चों में भारतीय संस्कृति, पारंपरिक मूल्यों और नैतिक आदर्शों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का अवसर प्रदान किया।