जनगणना से जनकल्याण थीम के साथ कल, एक मई से हर घर का डाटा एकत्रित करने के उद्देश्य से जनगणना टीम लोगों के घर द्वार पर दस्तक देगी। फतेहाबाद जिला में आगामी जनगणना-2027 को पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने की तैयारियां तेज हो गई हैं। डीसी एवं प्रधान जनगणना अधिकारी डॉ. विवेक भारती ने कहा कि “जनगणना से जनकल्याण” की थीम पर आधारित यह अभियान न केवल आंकड़ों का संकलन होगा बल्कि आने वाले वर्षों में विकास नीतियों, कल्याणकारी योजनाओं और आधारभूत ढांचे की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। वीरवार को इस विषय को लेकर जनगणना निदेशक डॉ.ललित जैन ने वीडियों कांफ्रेस के माध्यम से प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त और अन्य अधिकारियों के साथ चर्चा भी की। वीडियो कॉन्फ़्रेंसिंग के बाद लघु सचिवालय स्थित सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक को संबोधित करते हुए डीसी डॉ. विवेक भारती ने बताया कि 1 मई से प्रगणक घर-घर जाकर डेटा एकत्र करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनगणना कार्य को जीरो टॉलरेंस नीति के तहत क्रियान्वित किया जाएगा। इस महाअभियान में जिला के लगभग 3 हजार अधिकारी व कर्मचारी जुड़े हुए हैं, जिन्हें पूरी निष्ठा, पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा। डीसी डॉ. भारती ने बताया कि जनगणना दो चरणों में आयोजित की जाएगी। पहला चरण 1 मई से 30 मई 2026 तक मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का होगा, जबकि दूसरा चरण 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक जनसंख्या गणना के रूप में संपन्न होगा। उन्होंने बताया कि इस बार 16 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक नागरिकों को स्व-गणना का विकल्प भी उपलब्ध कराया गया था, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने ऑनलाइन पोर्टल व मोबाइल एप के माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज की है। ऐसे नागरिकों को अब प्रगणकों को अपनी आईडी उपलब्ध करानी होगी, ताकि मौके पर केवल सत्यापन किया जा सके। इससे समय की बचत के साथ-साथ आंकड़ों की गुणवत्ता में भी सुधार सुनिश्चित होगा।