निजता को लेकर गूगल-एपल आमने-सामने, Apple ने कहा- पैसे के लिए विज्ञापन नहीं बेचते

प्रदीप पांडे
टेक डेस्क, अमर उजालाप्रदीप पांडे
Wed, 29 May 2019 04:24 PM IST
विज्ञापन
Apple’s software chief dismisses Google CEO’s criticism over turning privacy into a luxury good
craig federighi vs sundar pichai - फोटो : amar ujala

    भारत में डिजिटल डाटा की निजता को लेकर लोग उतने जागरूक तो नहीं हैं लेकिन अमेरिका जैसे देशों में डाटा प्राइवेसी का मामला बड़ा है। डाटा लीक होने पर बवाल हो जाता है। अब डाटा प्राइवेसी को लेकर टेक्नोलॉजी जगत की दो बड़ी कंपनियां आमने-सामने हैं। हाल ही में एक अखबार में प्रकाशित अपने लेख में गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने कहा था कि कुछ कंपनियों ने प्राइवेसी को लग्जरी प्रोडक्ट बना दिया है। ऐसे में इन कंपनियों के प्रोडक्ट इतने महंगे हैं कि जिनके पास मोटे पैसे होंगे उन्हें ही प्राइवेसी मिलेगी। हालांकि अपने लेख में सुंदर पिचाई ने किसी कंपनी का नाम नहीं लिया, लेकिन कयास लगने शुरू हो गए कि सुंदर ने ये बातें एपल की ओर इशारा करके कही है।

    डाटा प्राइवेसी की सुरक्षा का दावा करती है एपल

    इस बात से आप भी परिचित हैं कि एपल डाटा प्राइवेसी को लेकर दावा करती है कि वह यूजर्स की निजता का पूरा ख्याल रखती है। साथ ही इस बात से भी आप इनकार नहीं कर सकते हैं कि एपल के प्रोडक्ट महंगे होते हैं। वहीं सुंदर पिचाई के इस बयान के बाद एपल ने मामले पर जवाब दिया है। एपल के सॉप्टवेयर चीफ क्रेग फेडेरगी ने अपने एक इंटरव्यू में कहा है कि एपल प्राइवेसी को लग्जरी नहीं बनाती, बल्कि ऐसे प्रोडक्ट्स बनाती है जिससे लोगों को एक शानदार अनुभव मिल सके और वे अपने डाटा की सुरक्षा को लेकर चिंतित ना रहें।

    विज्ञापन

    ये भी पढ़ेंः गूगल सिर्फ 18 दिनों की कमाई से चुका सकता है 344 अरब रुपये का जुर्माना

    उन्होंने यह भी कहा है कि कंपनी क्वालिटी से किसी प्रकार का समझौता नहीं कर सकती और जहां तक कमाई का सवाल है तो एपल की कमाई रेवेन्यू पर निर्भर है और कंपनी कमाई के लिए विज्ञापन नहीं बेचती है। यहां आपको बता दें कि गूगल की अधिकतर सेवाओं में आपको विज्ञापन देखने को मिलेंगे और इन्हीं विज्ञापनों से गूगल के मोटी कमाई होती है।

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    ये भी पढ़ेंः यूरोपीय संघ ने गूगल पर लगाया 117 अरब रुपये का जुर्माना, 2 साल के अंदर लगने वाला तीसरा बड़ा जुर्माना

    प्राइवेसी को लेकर गूगल पर लग चुका है 65 हजार करोड़ रुपये का जुर्माना

    गूगल पर पिछले कई सालों से प्राइवेसी को लेकर जुर्माना लग चुका है। साल 2017 से 2019 तक गूगल पर 65 हजार करोड़ का जुर्माना लग चुका है। यह जुर्माना यूरोपियन यूनियन की ओर से प्राइवेसी के नियमों के उल्लंघन को लेकर लगाया गया है। वहीं गूगल ने भले ही जुर्माना दे दिया हो लेकिन वह हमेशा इन आरोपो को नकारती रही है। अभी इसी साल मार्च में यूरोपीय संघ ने प्रतिस्पर्धा कानून के उल्लंघन को लेकर गूगल पर 1.49 अरब यूरो यानि करीब 117 अरब रुपये का जुर्माना लगाया है। गूगल पर यह जुर्माना ऑनलाइन विज्ञापन में पक्षपात को लेकर लगा है।

    और पढ़ें...
    Login or Signup
    अपना शहर चुनें