फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Uttarkashi News ›   Tampering nature causes disasters

‘प्रकृति से छेड़छाड़ आपदाओं का कारण’

Tue, 09 Feb 2021 11:02 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 09 Feb 2021 11:02 PM IST
विज्ञापन
Tampering nature causes disasters
चमोली जनपद में आई आपदा ने एक बार फिर हिमालय क्षेत्र में जल विद्युत परियोजनाओं समेत अन्य बड़ी परियोजनाओं पर बहस का मुद्दा दे दिया है। पर्यावरण संरक्षण की मुहिम में जुटे लोग प्रकृति के साथ छेड़छाड़ को आपदाओं का मूल कारण बता रहे हैं, जबकि विकास के पैरोकार प्रकृति को संरक्षित रखते हुए विकास योजनाओं की पैरवी कर रहे हैं।
विज्ञापन

ग्लेशियर लेडी शांति ठाकुर का कहना है कि हिमालय क्षेत्र में भारी भरकम बिजली परियोजनाएं बनाने के लिए प्रकृति के साथ छेड़छाड़ की जा रही है। सुरंगें खोदे जाने से पहाड़ियां खोखली होती जा रही हैं।
विज्ञापन

माधवेंद्र रावत, प्रदीप रावत का कहना है कि पर्यावरण संरक्षण जरूरी है। साथ ही विकास कार्य भी होने चाहिए। जल विद्युत परियोजनाओं से स्थानीय लोगों को रोजगार मिलने के साथ ही क्षेत्र का विकास होता है। ऑल वेदर रोड के निर्माण से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ ही सीमाओं की सुरक्षा मजबूत होगी। उन्होंने कहा कि प्रकृति को सुरक्षित रखते हुए विकास कार्य कराए जाने जरूरी हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed