{"_id":"59036d114f1c1baf2bc0da3e","slug":"message-of-safe-chardham-yatra-will-return-home","type":"story","status":"publish","title_hn":"घर लौटकर देंगे सुरक्षित चारधाम यात्रा का संदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
घर लौटकर देंगे सुरक्षित चारधाम यात्रा का संदेश
ब्यूरो/ अमर उजाला उत्तरकाशी
Updated Fri, 28 Apr 2017 09:55 PM IST
विज्ञापन
Gangotri Dham
- फोटो : amarujala.
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इस बार की चारधाम यात्रा पर गंगोत्री पहुंचे श्रद्धालु पहले से कहीं ज्यादा उत्साहित नजर आ रहे हैं। ज्यादातर तीर्थयात्रियों का मानना है कि इस बार प्रशासन की ओर से बेहतर सड़क, रहने और खाने-पीने की सुविधा मुहैया कराई गई है।
विज्ञापन
धाम पहुंचे गुजरात के इडर गांव, साबर कांठा जिले से पहुंचे अमरीश कुमार बताते हैं कि वह गंगोत्री धाम के कपाट खुलने और बंद होने पर हर बार गंगोत्रीधाम पहुंचते हैं। वर्ष 2013 की आपदा के बाद इस बार प्रशासन की ओर से पहले से कहीं ज्यादा बेहतर सड़क और रहने खाने की व्यवस्था की गई है।
विज्ञापन
हम भी यहां से गुजरात लौटकर सुरक्षित यात्रा का संदेश देंगे। महाराष्ट्र के नासिक से कैलाश मठ के महामंडलेश्वर सच्चिदानंद सरस्वती का कहना है कि हर साल चारों धाम के कपाट खुलने पर वह उत्तराखंड आते हैं। यूपी के संदीप रस्तोगी का कहना है कि वे वर्ष 2005 से लगातार गंगोत्री आ रहे हैं।
विज्ञापन
इस बार प्रशासन ने सबसे अच्छा काम किया है। वहीं, गुजरात के सांवरकांठा जिले से पहुंचे रज्जाक भाई बताते हैं कि उन्होंने अभी तक सिर्फ गंगोत्रीधाम का नाम सुना था, लेकिन आज देख भी लिया है।
गंगा की सफाई का संकल्प लिया
नमामि गंगे और स्पर्श गंगा के तहत गंगोत्री धाम में विशेष सफाई अभियान चलाया गया। इस मौके पर भगीरथ शिला पर गंगोत्री से लेकर गंगासागर तक गंगा को स्वच्छ रखने का संकल्प भी लिया गया। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री व सांसद रमेश पोखरियाल निशंक, नमामि गंगा परियोजना के प्रदेश संयोजक हरीश सेमवाल, गंगोत्री विधायक गोपाल रावत, भाजपा के जिलाध्यक्ष रामसुंदर नौटियाल, स्वराज विद्वान, मनवीर चौहान, लोकेंद्र बिष्ट, गंगोत्री मंदिर समिति के सचिव सुरेश सेमवाल आदि शामिल रहे।
भैरव मंदिर में लगा लंगर
मां गंगा की डोली मुखबा से बृहस्पतिवार को देर शाम भैरवघाटी स्थित भैरव मंदिर पहुंची, जहां रात तक लंगर का आयोजन किया गया। यहां रात को मुखबा से आए पुरोहितों और श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन भी किए। यहां से अगले दिन सुबह गंगा जी की डोली गंगोत्री धाम के लिए रवाना हुई। 9.20 पर डोली गंगोत्री धाम पहुंची।
कबीना मंत्री देर शाम पहुंचे गंगोत्री
कबीना मंत्री सतपाल महाराज और पूर्व मंत्री अमृता रावत यमुनोत्री धाम के बाद हेलीकाप्टर से हर्षिल हैलीपैड पहुंचे। जहां से वे बाई रोड गंगोत्रीधाम शाम को पहुंचे। जहां उन्होंने मां गंगा के दर्शन किए।