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पर्यावरणविद् चंडी प्रसाद भट्ट ने पीएम मोदी को सौंपा सुझाव पत्र 18-11-32
Updated Sun, 06 May 2018 10:32 PM IST
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उत्तरकाशी। आगामी दो अक्तूबर को महात्मा गांधी की जयंती को लेकर आयोजित कार्यक्रम में पर्यावरणविद् चंडी प्रसाद भट्ट ने पीएम नरेंद्र मोदी को एक सुझाव पत्र सौंपा है, जिसमें शराबबंदी को जनांदोलन बनाने के साथ ही युवाओं को अपने परिवेश एवं प्रकृति से जोड़ने पर जोर दिया।
पर्यावरणविद् भट्ट ने कहा कि कृषि एवं वन प्रधान देश में वनवासियों को वन प्रबंधन से अलग करने का ही परिणाम है कि वन क्षेत्र कम होता जा रहा है और वनवासी निर्धन होते जा रहे हैं। उन्होंने हर गांव में ग्राम वन का निर्माण करने व वनवासियों की सहभागिता से प्रबंधन एवं लाभ वितरण प्रणाली विकसित करने का सुझाव दिया। भट्ट ने कहा कि इसके लिए शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थानों में वर्ष में 10-15 दिन का शिविर आयोजित किया जाए, जिसमें युवा अपने परिवेश की बिजली, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क आदि मूलभूत सुविधाओं के प्रबंधन के साथ ही जलस्रोत, वृक्ष, वनस्पति आदि प्रकृति के विभिन्न तत्वों के प्रति अपनी समझ विकसित कर सकें।
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पर्यावरणविद् भट्ट ने कहा कि कृषि एवं वन प्रधान देश में वनवासियों को वन प्रबंधन से अलग करने का ही परिणाम है कि वन क्षेत्र कम होता जा रहा है और वनवासी निर्धन होते जा रहे हैं। उन्होंने हर गांव में ग्राम वन का निर्माण करने व वनवासियों की सहभागिता से प्रबंधन एवं लाभ वितरण प्रणाली विकसित करने का सुझाव दिया। भट्ट ने कहा कि इसके लिए शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थानों में वर्ष में 10-15 दिन का शिविर आयोजित किया जाए, जिसमें युवा अपने परिवेश की बिजली, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क आदि मूलभूत सुविधाओं के प्रबंधन के साथ ही जलस्रोत, वृक्ष, वनस्पति आदि प्रकृति के विभिन्न तत्वों के प्रति अपनी समझ विकसित कर सकें।
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