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डायरिया और हीट स्ट्रोक के मरीजों की भरमार
Udham singh nagar
Updated Sun, 03 Jun 2012 12:00 PM IST
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काशीपुर। भीषण गर्मी के साथ ही डायरिया और हीट स्ट्रोक के मरीजों में वृद्धि हुई है। अस्पताल आंकड़ों के मुताबिक प्रतिदिन आधा दर्जन मरीज डायरिया की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं।
जून माह में शुरू हुई भीषण गर्मी से लोगों का जीना दूभर हो गया है। वहीं, डायरिया की शिकायत लेकर लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं। अस्पताल आंकड़ों के मुताबिक आधा दर्जन लोग प्रतिदिन ओपीडी के दौरान अस्पताल आ रहे हैं। इनमें बच्चों की संख्या अधिक है। वहीं मई माह में अस्पताल में 40 से अधिक मरीज डायरिया की शिकायत लेकर अस्पताल में भर्ती हो चुके हैं। सरकारी अस्पताल की फिजीशियन डा.गीता रावत ने बताया गर्मी में अकसर लोग लापरवाही बरतते हैं, जिसके चलते वह डायरिया और हीट स्ट्रोक की चपेट में आ जाते हैं।
डा.रावत ने बताया कि गर्मी में बाहर निकलते समय शरीर को पूरी तरह से कपड़ों से ढक लेना चाहिए। खासतौर पर लू से बचाव के लिए सिर और कान का बचाव जरूरी होना चाहिए। पसीने के माध्यम से निकलने वाले पानी से शरीर में पानी की कमी दूर करने के लिए भरपूर पानी पीना चाहिए। अत्याधिक ठंडा पानी पीने से परहेज कर बासी खाने व फलों का सेवन नहीं करना चाहिए।
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जून माह में शुरू हुई भीषण गर्मी से लोगों का जीना दूभर हो गया है। वहीं, डायरिया की शिकायत लेकर लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं। अस्पताल आंकड़ों के मुताबिक आधा दर्जन लोग प्रतिदिन ओपीडी के दौरान अस्पताल आ रहे हैं। इनमें बच्चों की संख्या अधिक है। वहीं मई माह में अस्पताल में 40 से अधिक मरीज डायरिया की शिकायत लेकर अस्पताल में भर्ती हो चुके हैं। सरकारी अस्पताल की फिजीशियन डा.गीता रावत ने बताया गर्मी में अकसर लोग लापरवाही बरतते हैं, जिसके चलते वह डायरिया और हीट स्ट्रोक की चपेट में आ जाते हैं।
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डा.रावत ने बताया कि गर्मी में बाहर निकलते समय शरीर को पूरी तरह से कपड़ों से ढक लेना चाहिए। खासतौर पर लू से बचाव के लिए सिर और कान का बचाव जरूरी होना चाहिए। पसीने के माध्यम से निकलने वाले पानी से शरीर में पानी की कमी दूर करने के लिए भरपूर पानी पीना चाहिए। अत्याधिक ठंडा पानी पीने से परहेज कर बासी खाने व फलों का सेवन नहीं करना चाहिए।
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