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अव्यवस्थाओं और विधायक के भाषण पर बीडीसी बैठक में खड़ा हो गया हंगामा
Updated Fri, 27 Apr 2018 12:08 AM IST
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भगवानपुर। ब्लॉक में हुई बीडीसी बैठक में पहले अव्यवस्थाओं को लेकर और इसके बाद विधायक ममता राकेश के भाजपा पर हमला बोले जाने को बखेड़ा हो गया। जिला पंचायत सदस्यों ने अव्यवस्थाओं को लेकर बीडीओ को जमकर खरीखोटी सुनाई। इसके बाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक ममता राकेश ने भाजपा सरकार पर विकास कार्यों को लिए पर्याप्त मात्रा में बजट आवंटित न करने पर पूर्व प्रधान और बीडीसी सदस्यों ने टोकाटाकी शुरू कर दी। इसके बाद दोनों ओर से नोकझोंक होने लगी। मामले को शांत कराने के लिए जिलाधिकारी को हस्तक्षेप करना पड़ा।
बृहस्पतिवार को भगवानपुर ब्लॉक प्रांगण में बीडीसी बैठक आयोजित की गई थी। इस दौरान बीडीसी सदस्यों और लोगों के लिए कार्यक्रम स्थल पर करीब 50 कुर्सियां लगाई गई थी। इन कुर्सियां को आड़े-तिरछे लगाया गया था। जबकि वहां करीब 150 लोग पहुंचे हुए थे। दोपहर करीब एक बजे कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे जिला पंचायत सदस्य सुबोध राकेश व अमन त्यागी का यह देखकर पारा चढ़ गया और उन्होंने हंगामा कर दिया। इस दौरान उन्होंने बीडीओ धामी लाल पोसवाल को खरी खोटी सुनानी शुरू कर दी।
काफी देर तक हुई गहमागहमी के बाद डीएम के कार्यक्रम में पहुंचने पर मामला शांत हो गया। इसके बाद जैसे ही कार्यक्रम शुरू हुआ और विधायक ममता राकेश ने मंच से संबोधन शुरू किया। उस समय फिर हंगामा हो गया। विधायक ममता राकेश ने भाजपा सरकार पर उन्हें विकास कार्यों के लिए पर्याप्त बजट जारी न करने का आरोप लगाया। कार्यक्रम में मौजूद इनायतपुर गांव के पूर्व प्रधान इलमचंद जैन और कई अन्य बीडीसी सदस्यों ने खड़े होकर इसका विरोध कर दिया और कहा कि जब कांग्रेस की सरकार थी तब मिले बजट से उन्होंने कौन से विकास कार्य कराए हैं। इस दौरान पूर्व प्रधान ने अधूरे कई कार्यों को गिनाना शुरू कर दिया। इस पर विधायक ने भी मंच से जवाब देना शुरू कर दिया। मौके पर हंगामा बढ़ता देख जिलाधिकारी ने मामला शांत कराया। बैठक में उपस्थित विधायक ममता राकेश, ब्लाक प्रमुख उषा अग्रवाल, जिला पंचायत सदस्य सुबोध राकेश, जिला पंचायत सदस्य अमन त्यागी, जिला मुख्य विकास अधिकारी स्वाति एस भदौरिया, डीडीओ पुष्पेंद्र चौहान, एसडीएम दीपेंद्र सिंह नेगी, बीडीओ धामीलाल पोसवाल, जिला शिक्षा अधिकारी ब्रहमपाल सैनी, खंड शिक्षा अधिकारी भीकम सिंह, एसडीओ सजल कुमार, अधिशासी अभियंता अशोक कुमार आदि अधिकारी मौजूद रहे।
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तौल केंद्रों पर किसानों से अच्छा व्यवहार करने के निर्देश दिए
भगवानपुर। बैठक में जनसुनवाई के दौरान ज्यादातर समस्याएं लोक निर्माण विभाग, जल निगम, समाज कल्याण विभाग, कृषि विभाग, उद्यान विभाग से संबधित आई। जिलाधिकारी ने बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों से अपील की कि क्षेत्र में पॉलिथीन प्रयोग व भ्रूण हत्या प्रतिबंधित है। ऐसी घटना अगर कोई सामने आती है तो इसकी सूचना प्रशासन को दी जाए। इस दौरान सहकारिता विभाग की ओर से संचालित गेहूं तौल केंद्रों पर किसानों के साथ अच्छा व्यवहार न करने का मामला भी सामने आया। ग्रामीणों ने बताया कि अच्छा व्यवहार न होने के कारण किसान ज्यादातर सरकारी तौल केंद्र पर गेहूं बेचने में दिलचस्पी भी नहीं ले पा रहे हैं।
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500 हैंडपंप पड़े हैं खराब
- पेयजल विभाग के अधिकारियों ने अवगत कराया कि अभी तक 7000 से अधिक हैंडपंप लगाए जा चुके हैं। जिनमें 500 के आसपास काम नहीं कर रहे हैं। कुछ हैडपंपों पर अभी मरम्मत का काम चल रहा है। नलकूप विभाग के लोगों ने जानकारी दी कि 113 नलकूप अभी तक ब्लॉक क्षेत्र में लगाए जा चुके हैं।
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फोटो -
बैठक में शिकायत आई तो मौके पर पहुंचे डीएम
चुड़ियाला। भगवानपुर में आयोजित बीडीसी बैठक में सुनेहटी आलापुर गांव में ग्रामीणों ने सड़क और तालाब आदि को लेकर कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायत की तो डीएम मौके पर पहुंच गए।
बृहस्पतिवार को ब्लॉक में पहुंचे डीएम दीपक रावत को सुनेहटी आलापुर के ग्रामीणों ने शिकायत कर बताया की जिला पंचायत सदस्य व पूर्व प्रधान गांव में जो कार्य करवा रहे हैं। उनमें भेदभाव किया जा रहा है। जो लोग उनके गुट के थे उनके सामने तो सड़क आदि का कार्य करा दिया है, लेकिन जो उनके गुट के नहीं थे उनके सामने सड़क नहीं बनाई या बीच में ही छोड़ दी है। इससे नाराज डीएम दीपक रावत मौके पर पहुंचकर जांच करने की बात कही। भगवानपुर की मीटिंग के बाद सभी सरकारी अमले को लेकर डीएम गांव में जांच के लिए पहुंच गए। विकास कार्यों की जांच में कई खामियां सामने आने पर जेई सहित र्कइ कर्मचारियों को फटकार लगाई। साथ ही सभी अधूरे कार्यों को 15 दिन के भीतर पूरा करने के आदेश दिए। इस दौरान मौके पर भगवानपुर विधायक ममता राकेश, सुबोध राकेश, अमन त्यागी, ग्राम प्रधान रीना देवी, एसडीएम भगवानपुर जेएस नेगी, तहसीलदार आशीष घिडियाल, नायब तहसीलदार कुंवरपाल सिंह आदि मौजूद रहे।
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बृहस्पतिवार को भगवानपुर ब्लॉक प्रांगण में बीडीसी बैठक आयोजित की गई थी। इस दौरान बीडीसी सदस्यों और लोगों के लिए कार्यक्रम स्थल पर करीब 50 कुर्सियां लगाई गई थी। इन कुर्सियां को आड़े-तिरछे लगाया गया था। जबकि वहां करीब 150 लोग पहुंचे हुए थे। दोपहर करीब एक बजे कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे जिला पंचायत सदस्य सुबोध राकेश व अमन त्यागी का यह देखकर पारा चढ़ गया और उन्होंने हंगामा कर दिया। इस दौरान उन्होंने बीडीओ धामी लाल पोसवाल को खरी खोटी सुनानी शुरू कर दी।
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काफी देर तक हुई गहमागहमी के बाद डीएम के कार्यक्रम में पहुंचने पर मामला शांत हो गया। इसके बाद जैसे ही कार्यक्रम शुरू हुआ और विधायक ममता राकेश ने मंच से संबोधन शुरू किया। उस समय फिर हंगामा हो गया। विधायक ममता राकेश ने भाजपा सरकार पर उन्हें विकास कार्यों के लिए पर्याप्त बजट जारी न करने का आरोप लगाया। कार्यक्रम में मौजूद इनायतपुर गांव के पूर्व प्रधान इलमचंद जैन और कई अन्य बीडीसी सदस्यों ने खड़े होकर इसका विरोध कर दिया और कहा कि जब कांग्रेस की सरकार थी तब मिले बजट से उन्होंने कौन से विकास कार्य कराए हैं। इस दौरान पूर्व प्रधान ने अधूरे कई कार्यों को गिनाना शुरू कर दिया। इस पर विधायक ने भी मंच से जवाब देना शुरू कर दिया। मौके पर हंगामा बढ़ता देख जिलाधिकारी ने मामला शांत कराया। बैठक में उपस्थित विधायक ममता राकेश, ब्लाक प्रमुख उषा अग्रवाल, जिला पंचायत सदस्य सुबोध राकेश, जिला पंचायत सदस्य अमन त्यागी, जिला मुख्य विकास अधिकारी स्वाति एस भदौरिया, डीडीओ पुष्पेंद्र चौहान, एसडीएम दीपेंद्र सिंह नेगी, बीडीओ धामीलाल पोसवाल, जिला शिक्षा अधिकारी ब्रहमपाल सैनी, खंड शिक्षा अधिकारी भीकम सिंह, एसडीओ सजल कुमार, अधिशासी अभियंता अशोक कुमार आदि अधिकारी मौजूद रहे।
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तौल केंद्रों पर किसानों से अच्छा व्यवहार करने के निर्देश दिए
भगवानपुर। बैठक में जनसुनवाई के दौरान ज्यादातर समस्याएं लोक निर्माण विभाग, जल निगम, समाज कल्याण विभाग, कृषि विभाग, उद्यान विभाग से संबधित आई। जिलाधिकारी ने बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों से अपील की कि क्षेत्र में पॉलिथीन प्रयोग व भ्रूण हत्या प्रतिबंधित है। ऐसी घटना अगर कोई सामने आती है तो इसकी सूचना प्रशासन को दी जाए। इस दौरान सहकारिता विभाग की ओर से संचालित गेहूं तौल केंद्रों पर किसानों के साथ अच्छा व्यवहार न करने का मामला भी सामने आया। ग्रामीणों ने बताया कि अच्छा व्यवहार न होने के कारण किसान ज्यादातर सरकारी तौल केंद्र पर गेहूं बेचने में दिलचस्पी भी नहीं ले पा रहे हैं।
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500 हैंडपंप पड़े हैं खराब
- पेयजल विभाग के अधिकारियों ने अवगत कराया कि अभी तक 7000 से अधिक हैंडपंप लगाए जा चुके हैं। जिनमें 500 के आसपास काम नहीं कर रहे हैं। कुछ हैडपंपों पर अभी मरम्मत का काम चल रहा है। नलकूप विभाग के लोगों ने जानकारी दी कि 113 नलकूप अभी तक ब्लॉक क्षेत्र में लगाए जा चुके हैं।
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बैठक में शिकायत आई तो मौके पर पहुंचे डीएम
चुड़ियाला। भगवानपुर में आयोजित बीडीसी बैठक में सुनेहटी आलापुर गांव में ग्रामीणों ने सड़क और तालाब आदि को लेकर कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायत की तो डीएम मौके पर पहुंच गए।
बृहस्पतिवार को ब्लॉक में पहुंचे डीएम दीपक रावत को सुनेहटी आलापुर के ग्रामीणों ने शिकायत कर बताया की जिला पंचायत सदस्य व पूर्व प्रधान गांव में जो कार्य करवा रहे हैं। उनमें भेदभाव किया जा रहा है। जो लोग उनके गुट के थे उनके सामने तो सड़क आदि का कार्य करा दिया है, लेकिन जो उनके गुट के नहीं थे उनके सामने सड़क नहीं बनाई या बीच में ही छोड़ दी है। इससे नाराज डीएम दीपक रावत मौके पर पहुंचकर जांच करने की बात कही। भगवानपुर की मीटिंग के बाद सभी सरकारी अमले को लेकर डीएम गांव में जांच के लिए पहुंच गए। विकास कार्यों की जांच में कई खामियां सामने आने पर जेई सहित र्कइ कर्मचारियों को फटकार लगाई। साथ ही सभी अधूरे कार्यों को 15 दिन के भीतर पूरा करने के आदेश दिए। इस दौरान मौके पर भगवानपुर विधायक ममता राकेश, सुबोध राकेश, अमन त्यागी, ग्राम प्रधान रीना देवी, एसडीएम भगवानपुर जेएस नेगी, तहसीलदार आशीष घिडियाल, नायब तहसीलदार कुंवरपाल सिंह आदि मौजूद रहे।