फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   request to UP Chief Secretary for the land.

जमीन के लिए उत्तराखंड ने किया यूपी के मुख्य सचिव से अनुरोध 

Sat, 09 Apr 2016 03:36 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Sat, 09 Apr 2016 03:36 PM IST
विज्ञापन
request to UP Chief Secretary for the land.
जमीन

जमीन के लिए उत्तराखंड ने यूपी के मुख्य स‌चिव से अनुरोध किया है। दरअसल, हरिद्वार-मुजफ्फरनगर फोरलेन के काम तेज करने के लिए मायापुर में यूपी के मुख्य सचिव से आग्रह किया है कि यूपी सिंचाई विभाग की जमीन को एनएचएआई को दे दिया जाए। टिहरी के चोपड़ा गांव में डंपिंग की इजाजत भी केंद्र ने दे दी है। केंद्र की सेवा शर्तों को पूरा किया जा रहा है।

विज्ञापन


सचिवालय में मुख्य सचिव शत्रुघ्न सिंह की अध्यक्षता में कैबिनेट कमेटी ऑन इन्वेस्टमेंट (सीसीए) के प्रोजेक्ट मानीटरिंग ग्रुप (पीएमजी) की बैठक में कई मुद्दों पर मंथन हुआ। इस बैठक में केंद्र व यूपी सरकार के अफसर भी मौजूद रहे। 
विज्ञापन


रायपुर विधानसभा के लिए वन एवं पर्यावरण मंत्रालय ने 59.9 हेक्टेयर वन भूमि हस्तांतरण की स्वीकृति देने के बाद मंत्रालय द्वारा लगाई गई 21 शर्तों को पूरा किया जा रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


एक हेक्टेयर भूमि दी जानी है नेशनल हाईवे को 
मुजफ्फरनगर-हरिद्वार राष्ट्रीय राजमार्ग के चौड़ीकरण के लिए हरिद्वार के मायापुर में उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की एक हेक्टेयर भूमि नेशनल हाईवे को दी जानी है। 

इसके लिए उत्तराखंड ने यूपी के मुख्य सचिव से अनुरोध किया है। टिहरी पंप स्टोरेज प्लांट के लिए असेना गांव से उप खनिज निकासी की अनुमति भी टीएचडीसी को मिल गई है।

टिहरी के ही चोपड़ा गांव में डंपिंग के लिए 4.668 वन भूमि के हस्तांतरण की पहले चरण की क्लियरेंस मिली है। डीएम टिहरी ज्योति नीरज खैरवाल ने बताया कि इसके लिए 9.3 हेक्टेयर भूमि को रिजर्व फारेस्ट घोषित करना है, भूमि चिह्नित कर ली गई है और जल्द ही दाखिल खारिज हो जाएगा। 

नंदादेवी नेशनल पार्क की सीमा कम करने का अनुरोध
यह भी तय किया गया कि लाता-तपोवन जल विद्युत परियोजना के बारे में उत्तराखंड सरकार ने इको सेंसिटिव जोन में नंदादेवी नेशनल पार्क की 10 किमी की सीमा कम करने का अनुरोध किया है। ऐसा होने पर नेशनल वाइल्ड लाइफ बोर्ड से क्लियरेंस की जरूरत नहीं होगी। 

उत्तराखंड सरकार ने केंद्र को इको सेंसिटिव जोन का जोनल मास्टर प्लान भी प्रस्तुत किया था। चारधाम रोड कनेक्टिविटी (889 किमी) के प्रोजेक्ट में 860 किमी में 483 किमी भूमि का अधिग्रहण कर लिया गया है। 


250 किमी वन भूमि का हस्तांतरण हो चुका है और 175 किमी की स्वीकृति मिल गई है। राज्य स्तर की क्लियरेंस और रजिस्ट्रेशन को डिजिटाइज करने के बारे में बताया गया कि अभी तक 63 में से 25 सेवाओं को डिजिटाइज कर दिया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed