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जन्मदिन बना आखिरी दिन: शव यात्रा में शामिल होने गया था सागर, मौत के साथ ही खत्म हो गईं माता-पिता की उम्मीदें
Mon, 15 Jan 2024 06:09 PM IST
हीरा मेहरा
अमर उजाला नेटवर्क, पिथौरागढ़
अमर उजाला नेटवर्क, पिथौरागढ़
Published by: हीरा मेहरा
Updated Mon, 15 Jan 2024 06:09 PM IST
सार
पिथौरागढ़ में एक युवक की सरयू नदी में डूबने से मौत हो गई। युवक का सोमवार को ही जन्मदिन भी था। इस घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
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जन्मदिन बना आखिरी दिन
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
पिथौरागढ़ में शव यात्रा में शामिल होने गए गुरना तोली निवासी एक युवक की सरयू नदी में डूबने से मौत हो गई। युवक का सोमवार को ही जन्मदिन भी था। इस घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
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गुरना तोली गांव निवासी सागर सिंह बिष्ट (20) पुत्र महेंद्र सिंह बिष्ट निवासी गुरना तोली गांव की एक वृद्ध महिला के अंतिम यात्रा में शामिल होने रामेश्वर घाट गया था। घाट पहुंचने के बाद वह दोस्तों के साथ सरयू नदी में पैदल पुल के नीचे नहाने चला गया। बताया जा रहा है कि जिस स्थान पर युवक नहा रहा था उस स्थान पर पूर्व में मशीन से खोदकर गहरा गड्ढा बनाया गया था।
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सागर तीन बार नदी में इस पार से उस पार तक तैरा लेकिन चौथी बार में वह अचानक डूब गया। उसके दोस्तों के शोर मचाने पर कई लोग वहां पहुंचे और बौतड़ी निवासी स्थानीय निवासी पदम सिंह, भूपेंद्र सिंह और गुरना तोली निवासी पवन सिंह ने नदी में उतरकर उसे ढूंढने का प्रयास किया। करीब 25 मिनट बाद उसका शव उसी गहराई वाले स्थान पर डूबा नजर आया। काफी मशक्कत के बाद उसे नदी से बाहर निकालकर निजी वाहन से जिला अस्पताल भिजवाया गया। चुपकोट बैंड के पास से युवक को 108 एंबुलेंस में शिफ्ट कर जिला अस्पताल पिथौरागढ़ लाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जन्मदिन के दिन युवक की मौत से माता-पिता सहित अन्य परिजन गहरे सदमे में हैं।
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सागर की मौत के साथ ही खत्म हो गईं माता-पिता की उम्मीदें
सागर सिंह बिष्ट घर का इकलौता चिराग था। उसकी दो बड़ी बहनों की शादी हो चुकी है। सागर के माता-पिता खेतीबाड़ी कर गुजर बसर करते थे। जिला पंचायत उपाध्यक्ष कोमल मेहता ने बताया कि सागर बीए प्रथम वर्ष का छात्र था और सेना में भर्ती की तैयारी कर रहा था। माता-पिता को बेटे के पढ़ लिखकर सेना में भर्ती होने पर परिवार की माली हालत सुधरने की उम्मीद थी लेकिन इस हादसे से माता-पिता की उम्मीदें भी खत्म हो गई हैं। युवक की मौत से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
सागर सिंह बिष्ट घर का इकलौता चिराग था। उसकी दो बड़ी बहनों की शादी हो चुकी है। सागर के माता-पिता खेतीबाड़ी कर गुजर बसर करते थे। जिला पंचायत उपाध्यक्ष कोमल मेहता ने बताया कि सागर बीए प्रथम वर्ष का छात्र था और सेना में भर्ती की तैयारी कर रहा था। माता-पिता को बेटे के पढ़ लिखकर सेना में भर्ती होने पर परिवार की माली हालत सुधरने की उम्मीद थी लेकिन इस हादसे से माता-पिता की उम्मीदें भी खत्म हो गई हैं। युवक की मौत से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।