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आर्थिक आधार पर दिया जाए आरक्षण
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Mon, 21 Sep 2015 10:55 PM IST
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आर्थिक आधार पर आरक्षण देने की मांग को लेकर 37वें दिन भी धरना जारी रहा। आंदोलन के तहत केवल शिक्षा में गरीबों को आरक्षण देने की मांग को लेकर हस्ताक्षर अभियान चलाया गया है।
आर्थिक आधार आरक्षण मंच के संयोजक शमशेर महर के नेतृत्व में गांधीचौक पर धरना दिया गया। इस दौरान हुई सभा में महर ने कहा संविधान में समानता के अधिकार की बात लिखी गई है। जनता को समानता का अधिकार देना शासक वर्ग का काम है। आजादी के बाद केवल 10 साल के लिए आरक्षण देने की बात कही गई थी, उसका दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। धरने पर सह संयोजक गोविंद बिष्ट, जमुना बिष्ट, दीपिका, भूपेश जोशी, रेखा जोशी, महादेव भट्ट, कैलाश उस्ताद बैठे।
बसपा जिलाध्यक्ष राजेश कुमार कहते हैं सामाजिक समानता को देखते हुए ही अनुसूचित जाति, जनजाति, ओबीसी समाज को आरक्षण मिल रहा है। इस समाज के लोग आज भी पिछड़े हुए हैं, आरक्षण जारी रहना चाहिए। उधर, फेसबुक में भी आरक्षण के मुद्दे पर जबरदस्त बहस छिड़ी हुई है। वाट्सएप पर ग्रुप बन रहे हैं। आरक्षण समर्थन, विरोध की ये मुहिम किस दिशा में जाएगी, इसके लिए भविष्य का इंतजार करना होगा।
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आर्थिक आधार आरक्षण मंच के संयोजक शमशेर महर के नेतृत्व में गांधीचौक पर धरना दिया गया। इस दौरान हुई सभा में महर ने कहा संविधान में समानता के अधिकार की बात लिखी गई है। जनता को समानता का अधिकार देना शासक वर्ग का काम है। आजादी के बाद केवल 10 साल के लिए आरक्षण देने की बात कही गई थी, उसका दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। धरने पर सह संयोजक गोविंद बिष्ट, जमुना बिष्ट, दीपिका, भूपेश जोशी, रेखा जोशी, महादेव भट्ट, कैलाश उस्ताद बैठे।
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बसपा जिलाध्यक्ष राजेश कुमार कहते हैं सामाजिक समानता को देखते हुए ही अनुसूचित जाति, जनजाति, ओबीसी समाज को आरक्षण मिल रहा है। इस समाज के लोग आज भी पिछड़े हुए हैं, आरक्षण जारी रहना चाहिए। उधर, फेसबुक में भी आरक्षण के मुद्दे पर जबरदस्त बहस छिड़ी हुई है। वाट्सएप पर ग्रुप बन रहे हैं। आरक्षण समर्थन, विरोध की ये मुहिम किस दिशा में जाएगी, इसके लिए भविष्य का इंतजार करना होगा।
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