फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Bird Watching: The other day was a rare bird

बर्ड वाचिंग : दूसरे दिन दिखे कई दुर्लभ पक्षी

Tue, 28 Feb 2017 10:29 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मुनस्यारी
ब्यूरो/अमर उजाला, मुनस्यारी Updated Tue, 28 Feb 2017 10:29 PM IST
विज्ञापन
Bird Watching: The other day was a rare bird
मुनस्यारी के बुग्यालों में दिखा वुडकटर पक्षी - फोटो : अमर उजाला

मुनस्यारी के बुग्यालों में बर्ड वाचिंग कैंप का आयोजन कर रही मोनाल संस्था ने दावा किया है कि उसने अब तक क्षेत्र में पक्षियों की 300 से अधिक प्रजातियों की खोज कर ली है। सभी पक्षियों का डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। उनके व्यवहार को भी रिकार्ड करने की कोशिश की जा रही है। मंगलवार को बर्ड वाचिंग कैंप के दूसरे दिन मुख्य रूप से रूफस बैलेड, वूड कटर, यूरोपियन गोल्डफिंच, स्नोवकोक, स्नो पार्टिज, ग्रंडेला, वल्चर, ओरेंजहेडेड थ्रश, कोलटिट, ब्लू कैप रॉक जैसे दुर्लभ पक्षी दिखे। यह सभी पक्षी घने जंगलों और बुग्यालों में रहते हैं। मंगलवार को बलाती फार्म, बेटुलीधार के आसपास बर्ड वाचिंग हुई। इस दौरान प्रतिभागियों ने बुग्यालों में जाकर पक्षियों का दीदार किया।

विज्ञापन


मोनाल संस्था के सचिव सुरेंद्र पंवार ने बताया कि पक्षियों की पर्यावरण संरक्षण में अहम भूमिका होती है। जिन इलाकों में ज्यादा पक्षी मिलते हैं, उससे यह अनुमान लगाया जाता है कि वहां का पर्यावरण सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि आमतौर पर लोग इन सुंदर पक्षियों को देखते तो हैं, लेकिन उनके बारे में जानकारी हासिल नहीं करते।  कैंप के जरिये पक्षियों के मूल व्यवहार, उनकी संख्या,  पक्षियों के प्रजनन काल और उनके आवास-प्रवास की स्थिति का भी पता लगाने का प्रयास किया जाएगा।
विज्ञापन


बर्ड वाचिंग कैंप में शामिल युवा सुनील राणा ने कहा कि इस कैंप के बाद उनका पक्षियों एवं जंगली जानवरों के प्रति नजरिया बदल गया है। वह कहते हैं कि जंगली जानवर और पक्षी हमारे लिए काफी अहम हैं। इस दौरान भूपेंद्र खड़ायत, दान सिंह भंडारी, राजेंद्र बिष्ट आदि ने कैंप में शामिल लोगों को गाइड किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


कुछ स्थानों पर शिकारी भी सक्रिय दिखे
बर्ड वाचिंग कैंप के दौरान कुछ स्थानों पर शिकारी भी घूमते नजर आए। शिकारी मोनाल जैसे पक्षियों को भी निशाना बना देते हैं। कैंप में शामिल लोगों ने वन विभाग के अधिकारियों को इसकी जानकारी दे दी है और तत्काल शिकारियों पर अंकुश लगाने की मांग की है। वन रेंजर लवराज सिंह ने कहा कि वनकर्मियों की टीम को जंगलों में भेजा जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed