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वृथा अभिमान क्यों करता, अरे मतिमंद तू बल का..
Updated Fri, 29 Sep 2017 10:59 PM IST
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पिथौरागढ़/बेड़ीनाग/थल/गंगोलीहाट। जिले के विभिन्न स्थानों पर रामलीला मंचन जारी है। इन दिनों मौसम सुहावना होने से दर्शकों की काफी भीड़ उमड़ रही है। पिथौरागढ़ नगर की रामलीला में नाक कटने के बाद सूर्पणखा अपने भाई रावण से शिकायत करने पहुंचती है। गुस्साया रावण सीता का हरण कर लेता है। वहीं, टकाना की रामलीला में लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है।
बेड़ीनाग में नागदेव रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित रामलीला में राम विवाह का मंचन हुआ। भगवान शिव का धनुष तोड़ने के बाद भगवान राम का सीता के साथ विवाह हो जाता है, लेकिन इसके बाद राजा दशरथ के दरबार में कलह होने लगता है। मंथरा कैकेई को भड़काती है। कैकेई कोप भवन में चली जाती है। राजा दशरथ कैकेई को समझाने का प्रयास करते हैं, लेकिन वह नहीं मानती। रामलीला मंचन में बलवंत धानिक, दीप बिष्ट, महेश पंत, मनीष पंत, पंकज पंत, राजेश पंत, राजेश कार्की, सुंदर मनराल आदि सहयोग दे रहे हैं। दशरथ की भूमिका किशन लाल शाह, कैकेई राजेश पंत और मंथरा पंकज पंत निभा रहे हैं।
थल की रामलीला में रावण सीता के अपहरण को आता है। सीता उसे ललकारते हुए कहती हैं कि-वृथा अभिमान क्यों करता, अरे मतिमंद तू बल का। इससे पहले राम, लक्ष्मण और सीता पंचवटी आश्रम में रुके होते हैं। सीता के हरण के बाद जटायु रावण का विरोध करता है। जटायु ही भगवान राम को सीता के हरण की सूचना देता है। मुख्य अतिथि बेड़ीनाग की ब्लॉक प्रमुख रेखा भंडारी ने रामलीला मंच के निर्माण की घोषणा की। गंगोलीहाट की रामलीला में भगवान राम अपनी पत्नी सीता और भाई लक्ष्मण के साथ वनवास को रवाना हो गए। उनको मनाने के लिए भरत जाते हैं, लेकिन राम ने वापस लौटने से इनकार कर दिया।
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बेड़ीनाग में नागदेव रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित रामलीला में राम विवाह का मंचन हुआ। भगवान शिव का धनुष तोड़ने के बाद भगवान राम का सीता के साथ विवाह हो जाता है, लेकिन इसके बाद राजा दशरथ के दरबार में कलह होने लगता है। मंथरा कैकेई को भड़काती है। कैकेई कोप भवन में चली जाती है। राजा दशरथ कैकेई को समझाने का प्रयास करते हैं, लेकिन वह नहीं मानती। रामलीला मंचन में बलवंत धानिक, दीप बिष्ट, महेश पंत, मनीष पंत, पंकज पंत, राजेश पंत, राजेश कार्की, सुंदर मनराल आदि सहयोग दे रहे हैं। दशरथ की भूमिका किशन लाल शाह, कैकेई राजेश पंत और मंथरा पंकज पंत निभा रहे हैं।
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थल की रामलीला में रावण सीता के अपहरण को आता है। सीता उसे ललकारते हुए कहती हैं कि-वृथा अभिमान क्यों करता, अरे मतिमंद तू बल का। इससे पहले राम, लक्ष्मण और सीता पंचवटी आश्रम में रुके होते हैं। सीता के हरण के बाद जटायु रावण का विरोध करता है। जटायु ही भगवान राम को सीता के हरण की सूचना देता है। मुख्य अतिथि बेड़ीनाग की ब्लॉक प्रमुख रेखा भंडारी ने रामलीला मंच के निर्माण की घोषणा की। गंगोलीहाट की रामलीला में भगवान राम अपनी पत्नी सीता और भाई लक्ष्मण के साथ वनवास को रवाना हो गए। उनको मनाने के लिए भरत जाते हैं, लेकिन राम ने वापस लौटने से इनकार कर दिया।
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