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यारसागंबू विदोहन नीति बनाने के संबंध में दिए हैं निर्देश
Updated Thu, 07 Jun 2018 11:16 PM IST
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मुनस्यारी (पिथौरागढ़)। मल्ला जोहार विकास समिति की वार्षिक बैठक में मुख्य अतिथि राज्य एससी-एसटी आयोग के अध्यक्ष नृप सिंह नपलच्याल ने कहा कि आयोग इस वर्ग के लोगों के हितों की रक्षा के लिए सजग है। सरकार को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि जब भी इस वर्ग के लिए कोई नीति बनाई जाए, उसके लिए आयोग से परामर्श कर लिया जाए।
देवेंद्रा ज्योति मिलन केंद्र में हुई बैठक में नपलच्याल ने कहा कि कुछ दिन पहले यारसागंबू दोहन पर शासन स्तर पर नीति बनाने की कवायद चल रही थी। आयोग ने दखल देते हुए सरकार को बताया कि यारसागंबू दोहन में ज्यादातर एससी-एसटी के लोग होते हैं, लिहाजा उनकी दिक्कतों को दृष्टिगत रखते हुए नीति बनाई जाए। उन्होंने एससी-एसटी वर्ग के लोगों से कहा कि वो लोग जब भी सरकार या प्रशासन को किसी भी समस्या से अवगत कराएं, तो आयोग को भी अवगत कराना चाहिए, ताकि उनकी समस्याओं का आयोग भी संज्ञान लेकर निराकरण करा सके।
उन्होंने बलुवाकोट की एक महिला का उदाहरण दिया। उन्होंने मुनस्यारी, धारचूला के लोगों से कहा कि एससी-एसटी के बच्चों की छात्रवृत्ति, उत्पीड़न, जमीन संबंधी या अन्य कोई भी मामले हों तो आयोग के संज्ञान में जरूर लाएं, तभी समस्याओं का निदान हो सकता है। उन्होंने मल्ला जोहार में माइग्रेशन शुरू होने और समाप्ति पर प्रशासन को फीडबैक देने को कहा। खाद्यान्न की व्यवस्था पूर्व में ही करने के निर्देश एसडीएम को दिए।
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इस दौरान मल्ला जोहार विकास समिति के अध्यक्ष श्रीराम धर्मशक्तू और अन्य सदस्यों ने नपलच्याल का स्वागत किया। संगठन अध्यक्ष श्रीराम धर्मशक्तू ने समिति द्वारा किए जा कार्यों को सामने रखा। इस दौरान पूर्व वन संरक्षक भगत सिंह बुरफाल, राजेंद्र बुर्फाल, तारा पांगती, गोकर्ण मर्तोलिया, एसडीएम कृष्ण नाथ गोस्वामी, तहसीलदार नारायण सिंह बिष्ट, लोक बहादुर जंगपांगी, केदार मर्तोलिया, डॉ. जनार्दन पांगती, देवेंद्र सिंह धर्मशक्तू आदि मौजूद थे।
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देवेंद्रा ज्योति मिलन केंद्र में हुई बैठक में नपलच्याल ने कहा कि कुछ दिन पहले यारसागंबू दोहन पर शासन स्तर पर नीति बनाने की कवायद चल रही थी। आयोग ने दखल देते हुए सरकार को बताया कि यारसागंबू दोहन में ज्यादातर एससी-एसटी के लोग होते हैं, लिहाजा उनकी दिक्कतों को दृष्टिगत रखते हुए नीति बनाई जाए। उन्होंने एससी-एसटी वर्ग के लोगों से कहा कि वो लोग जब भी सरकार या प्रशासन को किसी भी समस्या से अवगत कराएं, तो आयोग को भी अवगत कराना चाहिए, ताकि उनकी समस्याओं का आयोग भी संज्ञान लेकर निराकरण करा सके।
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उन्होंने बलुवाकोट की एक महिला का उदाहरण दिया। उन्होंने मुनस्यारी, धारचूला के लोगों से कहा कि एससी-एसटी के बच्चों की छात्रवृत्ति, उत्पीड़न, जमीन संबंधी या अन्य कोई भी मामले हों तो आयोग के संज्ञान में जरूर लाएं, तभी समस्याओं का निदान हो सकता है। उन्होंने मल्ला जोहार में माइग्रेशन शुरू होने और समाप्ति पर प्रशासन को फीडबैक देने को कहा। खाद्यान्न की व्यवस्था पूर्व में ही करने के निर्देश एसडीएम को दिए।
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इस दौरान मल्ला जोहार विकास समिति के अध्यक्ष श्रीराम धर्मशक्तू और अन्य सदस्यों ने नपलच्याल का स्वागत किया। संगठन अध्यक्ष श्रीराम धर्मशक्तू ने समिति द्वारा किए जा कार्यों को सामने रखा। इस दौरान पूर्व वन संरक्षक भगत सिंह बुरफाल, राजेंद्र बुर्फाल, तारा पांगती, गोकर्ण मर्तोलिया, एसडीएम कृष्ण नाथ गोस्वामी, तहसीलदार नारायण सिंह बिष्ट, लोक बहादुर जंगपांगी, केदार मर्तोलिया, डॉ. जनार्दन पांगती, देवेंद्र सिंह धर्मशक्तू आदि मौजूद थे।