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हवन, भंडारे के साथ 36 दिनों की साधना से उठे गुरुजी
Updated Tue, 20 Mar 2018 11:13 PM IST
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डीडीहाट (पिथौरागढ़)। 36 दिनों से सीराकोट मंदिर में अखंड साधना में बैठे पंडित विजेंद्र पांडे गुरुजी की साधना पूरी हो गई है। महाशिवरात्रि के दिन से सीराकोट मंदिर में जय मां पीतांबरी साधना एवं दिव्य योग ट्रस्ट के संस्थापक विजेंद्र पांडे गुरुजी ने 36 दिनों की अखंड साधना शुरू की। 36 दिनों तक गुरुजी ने मां बगुलामुखी की साधना की।
गुरुजी का मानना है कि मां बगुलामुखी की साधना और 12 घंटे तक अनवरत हवन करने से क्षेत्र में सुख-शांति आती है। 19 मार्च की शाम 7 बजे से 20 मार्च की सुबह 7 बजे तक 21 पंडितों ने 12 घंटे तक हवन किया। इस दौरान पचास से अधिक लोग रात भर हवन में बैठे रहे। मंगलवार सुबह 10 बजे से भव्य भंडारे का आयोजन किया गया। मंदिर कमेटी के रवि डसीला, प्रकाश बोरा, इंद्र सिंह डसीला, हेमंत बोरा, राजेंद्र पंत, रमाकांत, हेमंती नंदन आदि ने हवन, भंडारा संपन्न कराने में सहयोग दिया।
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गुरुजी का मानना है कि मां बगुलामुखी की साधना और 12 घंटे तक अनवरत हवन करने से क्षेत्र में सुख-शांति आती है। 19 मार्च की शाम 7 बजे से 20 मार्च की सुबह 7 बजे तक 21 पंडितों ने 12 घंटे तक हवन किया। इस दौरान पचास से अधिक लोग रात भर हवन में बैठे रहे। मंगलवार सुबह 10 बजे से भव्य भंडारे का आयोजन किया गया। मंदिर कमेटी के रवि डसीला, प्रकाश बोरा, इंद्र सिंह डसीला, हेमंत बोरा, राजेंद्र पंत, रमाकांत, हेमंती नंदन आदि ने हवन, भंडारा संपन्न कराने में सहयोग दिया।
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