{"_id":"5a26d45c4f1c1b193e8b6d9f","slug":"181512494172-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिंचाई, बिजली विभाग के ईई का वेतन रोकने का आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिंचाई, बिजली विभाग के ईई का वेतन रोकने का आदेश
Updated Tue, 05 Dec 2017 10:46 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
धारचूला (पिथौरागढ़)। सिंचाई योजनाओं की खराब हालत और विभाग के अधिकारियों के उदासीन रवैये को लेकर की गई शिकायतों को डीएम ने गंभीरता से लिया है। डीएम ने सिंचाई विभाग के ईई का वेतन रोकने का आदेश दिया है। इसके अलावा स्यांकुरी गांव में बिजली आपूर्ति बहाल होने तक विद्युत विभाग के ईई का वेतन भी रोकने के निर्देश दिए।
सीपालथौड़ में लगे तहसील दिवस में लोगों ने डीएम को बताया कि छह महीने से सिंचाई नहर टूटी है, लेकिन विभाग का कोई अधिकारी अब तक देखने तक नहीं आया। जब डीएम ने सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता से इसका कारण जानना चाहा तो वह तहसील दिवस पर उपस्थित ही नहीं थे।
तहसील दिवस में कुल 97 समस्याएं दर्ज की गईं। डीएम के आने की सूचना पर भारी संख्या में लोग शिकायतें लेकर तहसील दिवस में पहुंचे थे। स्यांकुरी गांव में विद्युतीकरण का काम पूरा न होने का मामला दर्ज हुआ। डीएम ने कहा कि जब तक गांव में बिजली नहीं पहुंचती, विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता का वेतन रोका जाएगा।
विज्ञापन
विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण न करने पर खंड शिक्षा अधिकारी को फटकार लगाई। कहा कि अब हर विद्यालय का निरीक्षण करें और रिपोर्ट दें। यदि सभी विद्यालयों में बायोमेट्रिक प्रणाली से शिक्षकों और कर्मचारियों की उपस्थिति नहीं लगेगी तो बीईओ का वेतन रोका जाएगा।
डीएम ने अधिकारियों से कहा कि तहसील दिवस पर आने वाली हर समस्या और शिकायत का समय पर निस्तारण किया जाए। डीएम ने तहसील दिवस पर काफी तल्ख तेवर दिखाए। तहसील दिवस में एसडीएम आरके पांडे, तहसीलदार डा. ललित मोहन तिवारी समेत तमाम विभागों के अधिकारी थे।
विज्ञापन
सीपालथौड़ में लगे तहसील दिवस में लोगों ने डीएम को बताया कि छह महीने से सिंचाई नहर टूटी है, लेकिन विभाग का कोई अधिकारी अब तक देखने तक नहीं आया। जब डीएम ने सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता से इसका कारण जानना चाहा तो वह तहसील दिवस पर उपस्थित ही नहीं थे।
विज्ञापन
तहसील दिवस में कुल 97 समस्याएं दर्ज की गईं। डीएम के आने की सूचना पर भारी संख्या में लोग शिकायतें लेकर तहसील दिवस में पहुंचे थे। स्यांकुरी गांव में विद्युतीकरण का काम पूरा न होने का मामला दर्ज हुआ। डीएम ने कहा कि जब तक गांव में बिजली नहीं पहुंचती, विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता का वेतन रोका जाएगा।
विज्ञापन
विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण न करने पर खंड शिक्षा अधिकारी को फटकार लगाई। कहा कि अब हर विद्यालय का निरीक्षण करें और रिपोर्ट दें। यदि सभी विद्यालयों में बायोमेट्रिक प्रणाली से शिक्षकों और कर्मचारियों की उपस्थिति नहीं लगेगी तो बीईओ का वेतन रोका जाएगा।
डीएम ने अधिकारियों से कहा कि तहसील दिवस पर आने वाली हर समस्या और शिकायत का समय पर निस्तारण किया जाए। डीएम ने तहसील दिवस पर काफी तल्ख तेवर दिखाए। तहसील दिवस में एसडीएम आरके पांडे, तहसीलदार डा. ललित मोहन तिवारी समेत तमाम विभागों के अधिकारी थे।