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ग्राम प्रधान पर विकास कार्यों में घपलेबाजी का आरोप
Updated Mon, 06 Aug 2018 10:40 PM IST
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पौड़ी। ग्राम सभा बुरांसी के ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान पर विकास कार्यों में घपलेबाजी का आरोप लगाया। वहीं कार्यों की जांच करने पहुंचे खंड विकास अधिकारी प्रवीन भट्ट पर अभद्र भाषा का प्रयोग करने और जेल में बंद करवाने की धमकी देने की शिकायत मुख्य विकास अधिकारी दीप्ति सिंह से की है। सीडीओ को दिए शिकायतपत्र में ग्रामीणों ने कहा कि विकास कार्यों में घपलेबाजी की शिकायत उन्होंने 30 जून को जिलाधिकारी से की थी। जिलाधिकारी की ओर से मामले की जांच कृषि अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी को सौंपी गई।
दो जुलाई को खंड विकास अधिकारी जांच के लिए गांव पहुंचे, जहां ग्रामीणों ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, धनराशि लागत, मजदूरों के भुगतान एवं ग्राम सभा के धनकोष संबंध के संबंध में उन्हें अवगत करवाया गया। बीडीओ ने ग्रामवासियों के साथ बुरा बर्ताव किया और जेल में डालने की धमकी दी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि ग्राम प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी ने गांव में करीब 25 लाख के कार्य करवाए। मजदूरों को कार्यों का भुगतान फर्जी एमबी बनाकर किया और एक कार्य के तीन-तीन मस्ट्रोलों पर हस्ताक्षर करवा दिए। शिकायत करने वालों में वार्ड सदस्य दिलवरी लाल, सरस्वती देवी, सुरिंदर सिंह, भुंद्रा देेवी, कांता देेवी, वीरेंद्र सिंह नेगी, सते सिंह, हिमांशु, योगेश खंकरियाल, बलवंत सिंह, हेमा देवी, संजू देवी, रजनी, जय प्रकाश, जगदीश लाल, रामलाल, सतेंद्र सिंह, महावीर सिंह, डब्बल सिंह, धन सिंह नेगी, विजय सिंह, केशर सिंह, भगतराम खंकरियाल व सुरेंद्र प्रसाद खंकरियाल सहित भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
घपलेबाजी के ये हैं आरोप
उप प्रधान सुरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि गांव में खड़ंजा, रेलिंग, पुश्ते सीसी मार्ग का काम हुआ। कार्य निर्माण के लिए ग्राम प्रधान ने स्वयं सीमेंट व अन्य सामग्री खरीदी। सीमेंट कम पड़ने पर उतने में ही कार्य समाप्त कर दिया।
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कोट्स
भूमि संरक्षक अधिकारी को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल सकेगा कि गड़बड़ी हुई है या नहीं। यदि ग्रामीण जांच रिपोर्ट से असंतुष्ट होंगे तो दोबारा जांच करवाई जाएगी। जहां तक बीडीओ द्वारा ग्रामीणों के साथ दुर्व्यवहार की बात है तो अधिकारी को चेतावनी दी जाएगी कि वह मर्यादित भाषा का प्रयोग करें।
- दीप्ति सिंह, मुख्य विकास अधिकारी पौड़ी।
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गांव में जो काम विकास कार्य हुए हैं, उसकी जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट में सारा सच सामने आ जाएगा। साजिश के तहत मुझे फंसाने की कोशिश की जा रही है।
सरिता देवी, ग्राम प्रधान बुरांसी।
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मैं जांच करने के लिए गांव बुरांसी जरूर गया था, लेकिन धमकी देने वाली कोई बात नहीं हुई है।
-प्रवीन भट्ट, बीडीओ, पाबौ।
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दो जुलाई को खंड विकास अधिकारी जांच के लिए गांव पहुंचे, जहां ग्रामीणों ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, धनराशि लागत, मजदूरों के भुगतान एवं ग्राम सभा के धनकोष संबंध के संबंध में उन्हें अवगत करवाया गया। बीडीओ ने ग्रामवासियों के साथ बुरा बर्ताव किया और जेल में डालने की धमकी दी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि ग्राम प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी ने गांव में करीब 25 लाख के कार्य करवाए। मजदूरों को कार्यों का भुगतान फर्जी एमबी बनाकर किया और एक कार्य के तीन-तीन मस्ट्रोलों पर हस्ताक्षर करवा दिए। शिकायत करने वालों में वार्ड सदस्य दिलवरी लाल, सरस्वती देवी, सुरिंदर सिंह, भुंद्रा देेवी, कांता देेवी, वीरेंद्र सिंह नेगी, सते सिंह, हिमांशु, योगेश खंकरियाल, बलवंत सिंह, हेमा देवी, संजू देवी, रजनी, जय प्रकाश, जगदीश लाल, रामलाल, सतेंद्र सिंह, महावीर सिंह, डब्बल सिंह, धन सिंह नेगी, विजय सिंह, केशर सिंह, भगतराम खंकरियाल व सुरेंद्र प्रसाद खंकरियाल सहित भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
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घपलेबाजी के ये हैं आरोप
उप प्रधान सुरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि गांव में खड़ंजा, रेलिंग, पुश्ते सीसी मार्ग का काम हुआ। कार्य निर्माण के लिए ग्राम प्रधान ने स्वयं सीमेंट व अन्य सामग्री खरीदी। सीमेंट कम पड़ने पर उतने में ही कार्य समाप्त कर दिया।
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भूमि संरक्षक अधिकारी को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल सकेगा कि गड़बड़ी हुई है या नहीं। यदि ग्रामीण जांच रिपोर्ट से असंतुष्ट होंगे तो दोबारा जांच करवाई जाएगी। जहां तक बीडीओ द्वारा ग्रामीणों के साथ दुर्व्यवहार की बात है तो अधिकारी को चेतावनी दी जाएगी कि वह मर्यादित भाषा का प्रयोग करें।
- दीप्ति सिंह, मुख्य विकास अधिकारी पौड़ी।
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गांव में जो काम विकास कार्य हुए हैं, उसकी जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट में सारा सच सामने आ जाएगा। साजिश के तहत मुझे फंसाने की कोशिश की जा रही है।
सरिता देवी, ग्राम प्रधान बुरांसी।
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मैं जांच करने के लिए गांव बुरांसी जरूर गया था, लेकिन धमकी देने वाली कोई बात नहीं हुई है।
-प्रवीन भट्ट, बीडीओ, पाबौ।