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Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   Shortage of drinking water in rural upset Jyolikot

 ज्योलीकोट में पेयजल किल्लत से ग्रामीण परेशान

Thu, 14 Apr 2016 11:27 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो,ज्योलीकोट (नैनीताल)
अमर उजाला ब्यूरो,ज्योलीकोट (नैनीताल) Updated Thu, 14 Apr 2016 11:27 PM IST
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ज्योलीकोट (नैनीताल) बढ़ती गर्मी के साथ क्षेत्र में पेयजल के लिए हाहाकार मचने लगा है। क्षेत्र के कई इलाकों में बीते तीन दिन से लोग पानी की बूंद बूंद को परेशान हैं। जल संस्थान के दावों के बावजूद ग्रामीणों को रोजमर्रा के जरूरी कार्यों के लिए भी पानी नसीब नहीं हो रहा है।

ग्रामसभा बेलुवाखान, तोक गांजा, वर्गोमेंट स्टेट, ज्योलीकोट मुख्य बाजार और ग्रामसभा के अधिकांश तोकों में बीते तीन दिन से पेयजल आपूर्ति नहीं हो रही है। पानी के अभाव में लोग अपनी न्यूनतम जरूरतों के कार्यों को भी पूरा नहीं कर पा रहे हैं। बताते चलें कि क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था लगभग चार दशक पुरानी है। पेयजल लाइनें क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं।
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यह स्थिति तब है जबकि बीते चार दशक में जनसंख्या का दबाव और पानी की मांग कई गुना बढ़ चुकी है। लेकिन जनप्रतिनिधियों की उदासीनता और जल संस्थान की उपेक्षा के चलते क्षेत्र की पेयजल आपूर्ति भगवान भरोसे चल रही है। भाजपा मंडल अध्यक्ष पुष्कर जोशी ने बताया कि उनके क्षेत्र में पानी की टंकी के वाल्व वर्षों से खराब हैं, कई बार शिकायत करने के बाद भी वाल्व आज तक ठीक नहीं हुए हैं। जिसके चलते टंकी से पानी हमेशा बर्बाद होता है। वायरूट संस्था के पवन बिष्ट ने बताया कि गौंजा क्षेत्र में हफ्ते भर से पानी नहीं आया है।
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ज्योलीकोट के वीरेंद्र जोशी का आरोप है कि जल संस्थान धन संपन्न लोगों और होटल व्यवसायियों को तो पानी उपलब्ध करा रहा है लेकिन आम जनता बूंद बूंद पानी को मोहताज है। लोगों ने जल संस्थान के अधिकारियों से व्यवस्था में सुधार कराने की मांग की है। 
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