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Haldwani: कुमाऊं के सबसे बड़े अस्पताल का बुरा हाल, सीटी स्कैन मशीन पड़ी ठप; जांच के लिए प्राइवेट सेंटर की दौड़

Fri, 05 Apr 2024 11:02 AM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल Published by: हीरा मेहरा Updated Fri, 05 Apr 2024 11:02 AM IST
सार

सुशीला तिवारी अस्पताल हल्द्वानी में दो दिन से सीटी स्कैन मशीन खराब पड़ी है। इस कारण कुमाऊं और यूपी से यहां पहुंचने वाले मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। 

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patients are facing problems due to faulty CT scan In Sushila Tiwari Hospital haldwani
सुशीला तिवारी अस्पताल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कुमाऊं के सबसे बड़े सुशीला तिवारी अस्पताल में दो दिन से सीटी स्कैन मशीन खराब पड़ी है। इस कारण कुमाऊं और यूपी से यहां पहुंचने वाले मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जापानी तकनीक की सिटी स्कैन मशीन की मरम्मत के लिए चेन्नई से विशेषज्ञ बुलाए गए हैं।

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सुशीला तिवारी अस्पताल में हर दिन सैकड़ों मरीज पहुंचते हैं। इनमें 60 से 80 मरीजों का रोजाना सीटी स्कैन कराते हैं। दो दिन से मशीन में गड़बड़ी के कारण मरीजों के सीटी स्कैन नहीं हो पा रहे हैं। सीटी स्कैन मशीन खराब होने से इमरजेंसी में पहुंच रहे मशीनों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गंभीर हालत में पहुंच रहे मरीजों के लिए यहां सीटी स्कैन की व्यवस्था नहीं हैं। इस कारण गंभीर मरीजों को जांच के लिए निजी जांच केंद्रों का रुख करना पड़ रहा है। मशीन खराब होने से गरीब कैंसर रोगियों के लिए भी मुश्किलें खड़ी हो गई है।
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शरीर में चोट, पेट, फेफड़े, न्यूरो संबंधी मरीजों को सीटी स्कैन जांच के लिए मरीजों को मुसीबत उठानी पड़ रही है। अस्पताल में पहुंचने पर उन्हें मशीन ठीक होने के अनुसार अग्रिम तारीख दी जा रही है। मरीजों को ये भी बताया जा रहा है कि सीटी स्कैन करने के लिए आने से पूर्व अस्पताल प्रबंधन से जानकारी ले लें। मामले में मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. अरुण जोशी का कहना है कि सीटी स्कैन मशीन कल से बंद पड़ी है। इसे बनाने के लिए चेन्नई से विशेषज्ञों की टीम पहुंच रही है। प्राथमिकता के आधार पर मशीन को ठीक करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
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मरीजों की बात-
कैंसर रोगी बरेली रोड निवासी हयात सिंह ने बताया कि उनकी कैंसर की जांच होनी है। उसके लिए तारीख भी दी गई थी और जब तारीख पर आए तो बताया कि सीटी स्कैन मशीन खराब है। अस्पताल प्रबंधन से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मशीन 15 दिन के भीतर ठीक हो पाएगी। रुद्रपुर निवासी मदन राम का कहना है कि जांच कराने के लिए पूर्व में तारीख दी गई थी। अस्पताल पहुंचकर यह तक नहीं बताया गया सीटी स्कैन मशीन कब तक ठीक हो पाएगी।

400 से 1100 रुपये में होता है सीटी स्कैन
सुशीला तिवारी अस्पताल में नैनीताल, ऊधमसिंहनगर और यूपी से भी मरीज पहुंचते हैं। यहां 400 से 1,100 रुपये के भीतर ही मरीजों को सीटी स्कैन की सुविधा मिलती है जबकि निजी अस्पतालों में मरीजों को तीन गुना से अधिक धनराशि खर्च करनी पड़ती है। दाम कम होने के चलते सामान्य मरीज इंतजार भी कर लेते हैं। पर गंभीर मरीजों को मजबूरन निजी जांच केंद्रों में जाना पड़ रहा है। 

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