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सिद्धबली स्टोन क्रशर के मामले में निर्णय सुरक्षित
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सिद्धबली स्टोन क्रशर के मामले में निर्णय सुरक्षित
नैनीताल। हाईकोर्ट ने राजाजी टाइगर रिजर्व से सटे कोटद्वार के भूदेव पुर में लगे सिद्धबली स्टोन क्रशर के मामले में दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद निर्णय सुरक्षित रख लिया है।
मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी एवं न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। कोटद्वार निवासी देवेंद्र सिंह अधिकारी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि कोटद्वार में राजाजी नेशनल पार्क के रिजर्व फॉरेस्ट में सिद्धबली स्टोन क्रशर लगाया गया है। यह स्टोन क्रशर सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइनों के मानकों को पूरा नहीं करता है। सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन के अनुसार कोई भी स्टोन क्रशर नेशनल पार्क के 10 किलोमीटर एरियल डिस्टेंस के भीतर स्थापित नहीं किया जा सकता जबकि यह स्टोन क्रशर साढ़े छह किलोमीटर की दूरी पर संचालित है। लिहाजा इसको हटाया जाए या इसके संचालन पर रोक लगाई जाए। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने निर्णय सुरक्षित रख लिया है। संवाद
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नैनीताल। हाईकोर्ट ने राजाजी टाइगर रिजर्व से सटे कोटद्वार के भूदेव पुर में लगे सिद्धबली स्टोन क्रशर के मामले में दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद निर्णय सुरक्षित रख लिया है।
मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी एवं न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। कोटद्वार निवासी देवेंद्र सिंह अधिकारी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि कोटद्वार में राजाजी नेशनल पार्क के रिजर्व फॉरेस्ट में सिद्धबली स्टोन क्रशर लगाया गया है। यह स्टोन क्रशर सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइनों के मानकों को पूरा नहीं करता है। सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन के अनुसार कोई भी स्टोन क्रशर नेशनल पार्क के 10 किलोमीटर एरियल डिस्टेंस के भीतर स्थापित नहीं किया जा सकता जबकि यह स्टोन क्रशर साढ़े छह किलोमीटर की दूरी पर संचालित है। लिहाजा इसको हटाया जाए या इसके संचालन पर रोक लगाई जाए। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने निर्णय सुरक्षित रख लिया है। संवाद
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