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शिशु मंदिरों में संस्कारवान बनते हैं बच्चे : कोश्यारी
ब्यूरो/अमर उजाला,धानाचूली (नैनीताल)।
Updated Thu, 09 Apr 2015 02:09 AM IST
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पूर्व मुख्यमंत्री और सांसद भगत सिंह कोश्यारी ने कहा कि नौनिहालों को संस्कारवान और चरित्रवान बनाने में सरस्वती शिशु मंदिरों की भूमिका अहम है। शिशु मंदिरों में पढ़कर कई छात्र आईएएस और पीसीएस से लेकर मुख्यमंत्री भी बने हैं।
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कोश्यारी ने बुधवार को सरस्वती शिशु मंदिर के वार्षिकोत्सव का दीप प्रज्जवलित कर शुभारंभ किया। उन्होंने बच्चों का आह्वान किया कि वह मेहनत और लगन के साथ अध्ययन कर तरक्की हासिल करें। उन्होने सांसद निधि से तीन लाख रुपए देने की घोषणा भी की। बच्चों ने सरस्वती वंदना, स्वागत गीत समेत कई रंगारंग कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए।
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समारोह के विशिष्ट अतिथि एनआरआई राजेंद्र पाठक, एरिक पाठक, अमरनाथ सोनफावड़े, हेमा अमरनाथ, ब्लाक शिक्षा अधिकारी हवलदार प्रसाद आदि थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता ब्लाक प्रमुख अंजू नयाल और संचालन प्राचार्या प्रियंका बिष्ट ने किया। ग्राम प्रधान हंसी लोधियाल, बीडीसी सदस्य बीना आर्या, दीपा बिष्ट, कनिष्ठ प्रमुख दीपक दानी, ज्येष्ठ प्रमुख जीवन बर्गली, सांसद प्रतिनिधि प्रदीप बिष्ट, चंदन लोधियाल, कुंदन नयाल, जगत सिंह बिष्ट, हेमंत सिंह बिष्ट आदि मौजूद थे।
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