फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   आटोमोबाइल की दुकान में चल रहा था अवैध रीफलिंग का खेल

आटोमोबाइल की दुकान में चल रहा था अवैध रीफलिंग का खेल

Wed, 22 Nov 2017 01:54 AM IST
Updated Wed, 22 Nov 2017 01:54 AM IST
विज्ञापन
आटोमोबाइल की दुकान में चल रहा था अवैध रीफलिंग का खेल
हल्द्वानी। पुलिस और प्रशासन की सुस्ती के चलते रसोई गैस की कालाबाजारी करने वालों के हौसले बुलंद हैं। जिला पूर्ति निरीक्षक पर हमले के बाद भी न तो पुलिस ने सबक लिया न ही प्रशासन के अधिकारी सक्रिय हुए। गैस की कालाबाजारी बेरोकटोक जारी है। अब शनिबाजार के पास ऑटोमोबाइल की दुकान में गैस रीफिलिंग का खेल पकड़ा गया है। पुलिस ने आपूर्ति विभाग के साथ छापा मारकर तो 27 गैस सिलेंडर, दो इलेक्ट्रानिक्स कांटा और फुट पंप बरामद किए गए। पुलिस एक ही युवक को गिरफ्तार कर पाई। हालांकि पुलिस उससे अब तक ज्यादा खुलासा नहीं कर पाई है जिससे कि कालाबाजारी करने वालों तक पहुंचा जा सके।
विज्ञापन

बनभूलपुरा थानाध्यक्ष दिनेश नाथ महंत को सूचना मिली कि शनि बाजार रेलवे फाटक पर एक ऑटोमोबाइल दुकान में गैस रीफिलिंग हो रही है। पुलिस ने आपूर्ति विभाग को सूचना देने के बाद दुकान में छापा मारा। पुलिस टीम ने दुकान से 27 गैस सिलेंडर, दो इलेक्ट्रानिक्स कांटा, फुट पंप बरामद किया। आपूर्ति विभाग के प्रभारी खाद्य अधिकारी के निर्देश पर पूर्ति निरीक्षक रवि सनवाल और राहुल डांगी भी मौके पर पहुंच गए। पूर्ति विभाग ने मौके से सिलेंडर के अलावा अन्य सामान को जब्त कर लिया। पूर्ति निरीक्षक राहुल डांगी की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने इंद्रानगर निवासी दुकान स्वामी अमन कुमार गुप्ता को धारा 3/7 के तहत गिरफ्तार कर लिया। बरामद सिलेंडरों में 23 घरेलू, दो व्यवसायिक, पांच-पांच किलो के दो पेट्रोमेक्स शामिल हैं। पता चला है कि दुकानदार कई दिनों से अवैध रीफिलिंग का धंधा कर रहा था। विवाद होने पर मामला पुलिस तक पहुंच गया था।
विज्ञापन


25 सितंबर को जिला पूर्ति निरीक्षक पर हुआ था हमला
गैस की कालाबाजारी पकड़ने पर 25 सितंबर को जिला पूर्ति निरीक्षक रवि सनवाल पर आंवला वन चौकी पर सिलेंडर की कालाबाजारी कर रहे लोगों ने हमला कर दिया था। तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था लेकिन इसके बाद सब चुप होे गए।
विज्ञापन
विज्ञापन


15 दिन ही चल पा रहा है सिलेंडर
सर्द मौसम में गैस की खपत ज्यादा होती है फिर भी पति-पत्नी और दो बच्चों के परिवार में एक सिलेंडर आसानी से एक महीना चल जाता है लेकिन इन दिनों सिलेंडर 15 दिन में ही खत्म हो जा रहा है। सिलेंडर लेते समय जब कर्मचारियों से इस बारे में पूछा जाता है तो वे ऊपर से ही ऐसा होने की बात कहकर झगड़ने लगते हैं।


सिलेंडर का क्यों नहीं होता वजन
प्रशासन अब तक ऐसी व्यवस्था नहीं बना पाया है कि घरों में पहुंचने वाला सिलेंडर ग्राहक के सामने ही तोला जाए। सिलेंडर देने वालों के पास वजन कांटा अनिवार्य रूप से हो। कई शहरों में ऐसी व्यवस्था है कि लोगों के पास अपने कांटे हैं। वे सिलेंडर लेते समय उसका वजन करते हैं। गैस जरा भी कम होने पर सिलेंडर तुरंत वापस कर देते हैं लेकिन अपने जिले के अधिकारियों को लोगों की दिक्कत से कोई सरोकार नहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed