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मरीज बीपीएल का और दवाएं बाहर से मंगाई
अमर उजाला ब्यूरो, हल्द्वानी।
Updated Mon, 08 Aug 2016 12:25 AM IST
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भर्ती मरीज
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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दवा के संकट से जूझ रहे सुशीला तिवारी अस्पताल में बीपीएल मरीज को भी बाहर से दवाएं खरीदनी पड़ रही है। बेटा दिव्यांग पिता का इलाज बकरी बेचकर करा रहा है। दिव्यांग का चैरिटी से इलाज करने के लिए प्राचार्य से आरटीआई कार्यकर्ता ने गुहार लगाई है।
ग्राम कटना पोस्ट भेड़वुला तहसील धारी निवासी रुद्र सिंह दिव्यांग हैं। रुद्र सिंह को यूरिन प्रॉब्लम के चलते एक अगस्त को अस्पताल के जे ब्लॉक में बेड नंबर 102 पर भर्ती कराया गया था।
11 वर्षीय पुत्र धीरज ने पिता के इलाज के लिए 33 सौ रुपये में बकरी बेच दी। धीरज से कई दवाएं बाहर से मंगाई गईं। बीपीएल कार्ड धारक रुद्र के निशुल्क या चैरिटी से इलाज और जांच कराने के लिए आरटीआई कार्यकर्ता गुरविंदर सिंह चड्ढा ने प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा को पत्र लिखा है।
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प्राचार्य डॉ. भैसोड़ा ने बताया कि मरीज का सोमवार को सीटी स्कैन कराया जाएगा। साथ ही निर्देश दिए गए हैं कि इलाज निशुल्क किया जाए। बाहर से आने वाली दवाएं अस्पताल अपने खर्च पर मंगाएगा।
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ग्राम कटना पोस्ट भेड़वुला तहसील धारी निवासी रुद्र सिंह दिव्यांग हैं। रुद्र सिंह को यूरिन प्रॉब्लम के चलते एक अगस्त को अस्पताल के जे ब्लॉक में बेड नंबर 102 पर भर्ती कराया गया था।
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11 वर्षीय पुत्र धीरज ने पिता के इलाज के लिए 33 सौ रुपये में बकरी बेच दी। धीरज से कई दवाएं बाहर से मंगाई गईं। बीपीएल कार्ड धारक रुद्र के निशुल्क या चैरिटी से इलाज और जांच कराने के लिए आरटीआई कार्यकर्ता गुरविंदर सिंह चड्ढा ने प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा को पत्र लिखा है।
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प्राचार्य डॉ. भैसोड़ा ने बताया कि मरीज का सोमवार को सीटी स्कैन कराया जाएगा। साथ ही निर्देश दिए गए हैं कि इलाज निशुल्क किया जाए। बाहर से आने वाली दवाएं अस्पताल अपने खर्च पर मंगाएगा।