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कहीं आप भी न फंस जाए इस जाम में

Fri, 04 Dec 2015 01:36 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हल्द्वानी।
ब्यूरो/अमर उजाला, हल्द्वानी। Updated Fri, 04 Dec 2015 01:36 AM IST
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अगर आप शाम ढलने के बाद परिवार के साथ कहीं आने या फिर जाने का प्लान कर रहे हैं तो अच्छा होगा दिन डूबने से पहले तैयारी कर लें। ऐसा न हो शाम ढलने के बाद आप भी जाम में फंस जाए।

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 सहालग के चलते आजकल शहर के मुख्य मार्ग तो दूर गली मोहल्लों में भी जाम लग रहा है। बारातियों के सड़क पर नाचने से यातायात बाधित हो रहा है। घंटों वाहन जाम में फंस रहे हैं। लोग परेशान हो रहे हैं। पुलिस मूकदर्शक बनी तमाशा देख रही है।
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अधिकतर बैंक्वट हॉल और होटल मुख्य मार्गों में हैं। बैंक्वट हाल और होटल शादी के लिए एडवांस बुक हैं। इनमें मानकों के अनुरूप पार्किंग और सुरक्षा प्रबंध नहीं हैं। सहालग में इनकी वजह से आम लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
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नैनीताल रोड हो या रामपुर रोड या फिर कालाढूंगी रोड आजकल सभी में शाम को जाम की समस्या आम हो गई है। बरेली रोड में भी रोजाना जाम लग रहा है। शाम छह से नौ बजे तक मुख्य और संपर्क मार्गों में बारातों के चलते सड़क जाम हो रही है। बाराती सड़क पर नाचते हैं।

 इसके बाद वाहन सड़क के दोनों तरफ बेतरतीब खड़े हो जाते हैं। इससे पूरी सड़क बंद हो जाती है। सड़क से वाहन हटाने की गुजारिश करने पर शराब के नशे में धुत बाराती मारपीट के लिए उतारू हो जाते हैं। इन परिस्थितियों में परिवार के साथ फंसे होने पर जाम खुलने के इंतजार करने के सिवाय कोई रास्ता नहीं बचता है। पुलिस मूकदर्शक बनी रहती है।

सहालग आते ही हल्द्वानी के लोग तत्कालीन एसएसपी सदानंद दाते और सीओ लोकजीत सिंह को याद करते हैं। इन अधिकारियों ने सहालग में हल्द्वानी की सड़कों को जाम से मुक्त कर दिया था। बैंक्वट हॉल और होटल में शादी वाले परिवार को हलफनामा भरकर पुलिस को सौंपना पड़ता था।

जिसमें सड़क पर जाम नहीं लगाने और 10 बजे बाद डीजे नहीं बजाने का शपथ पत्र होता था। शपथ पत्र भरना अनिवार्य कर दिया था। इसके बाद बारात से जाम लगने और रात दस बजे बाद डीजे बजाने पर सीधे 10 हजार का जुर्माना दूल्हा पक्ष पर लगाया जाता था। ताबड़तोड़ चालान की कार्रवाई होने से बारातियों ने सड़क पर नाचना, वाहन खड़ा करना और डीजे बजाना बंद कर दिया था।


सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन के मुताबिक रात दस बजे बाद डीजे का शोरगुल प्रतिबंधित है। नियमानुसार अस्पतालों आसपास बैंक्वट हाल नहीं बनाए जा सकते हैं। लेकिन हल्द्वानी में सारे नियम ताक पर हैं। बैक्वट हाल अस्पतालों के आसपास और कालोनियों के बीच बने हैं। रात 10 बजे बाद डीजे बंद करने पर बाराती मारपीट के लिए उतारू हो जाते हैं।



बैंक्वट हाल में काफी खाना बर्बाद होता है। डिस्पोजल को जला दिया जाता है और जूठन को नहर और खाली प्लाटों में फेंक दिया जाता है। अधिकांश बैंक्वट हाल की जूठन नहरों में फेंकी जा रही है। जिससे गंदगी हो रही है।

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