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हाईकोर्ट-3 समझौते के बगैर राज्य में न चलें अन्य प्रदेशों की बसें-कोर्डिनेशन
Updated Fri, 08 Sep 2017 02:15 AM IST
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नैनीताल। उच्च न्यायालय ने अन्य राज्यों की गैर अनुबंधित बसों के उत्तराखंड में प्रवेश पर रोक लगाने का आदेश जारी किया है। न्यायालय ने सभी जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों को भी सार्वजनिक परिवहन, स्कूल बसों और अन्य वाहनों में ओवरलोडिंग के खिलाफ नियमित अभियान चलाने का निर्देश दिया है।
वरिष्ठ न्यायमूर्ति राजीव शर्मा की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। न्यायालय ने कहा कि राज्य सरकार और क्षेत्रीय यातायात विभाग सुनिश्चित करे कि राज्य में मोटर वाहन अधिनियम की नियमावली का पूर्ण पालन हो। इसके लिए समय समय पर निरीक्षण और छापे मारे जाय। देहरादून निवासी अरुण कुमार ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर कहा था कि पड़ोसी राज्यों की बसें उत्तराखंड से बगैर द्विपक्षीय समझौते के राज्य में आवाजाही कर रही हैं। प्रदेश का परिवहन विभाग राज्य में वाहनों में ओवरलोडिंग रोकने में असफल रहा है। न्यायालय ने राज्य की विषम भौगोलिक परिस्थिति का हवाला देते हुए आये दिन हो रही दुर्घटनाओं और जनहानि पर चिंता व्यक्त करते हुए इन पर अंकुश लगाने के उपाय करने की जरूरत जताई।
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वरिष्ठ न्यायमूर्ति राजीव शर्मा की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। न्यायालय ने कहा कि राज्य सरकार और क्षेत्रीय यातायात विभाग सुनिश्चित करे कि राज्य में मोटर वाहन अधिनियम की नियमावली का पूर्ण पालन हो। इसके लिए समय समय पर निरीक्षण और छापे मारे जाय। देहरादून निवासी अरुण कुमार ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर कहा था कि पड़ोसी राज्यों की बसें उत्तराखंड से बगैर द्विपक्षीय समझौते के राज्य में आवाजाही कर रही हैं। प्रदेश का परिवहन विभाग राज्य में वाहनों में ओवरलोडिंग रोकने में असफल रहा है। न्यायालय ने राज्य की विषम भौगोलिक परिस्थिति का हवाला देते हुए आये दिन हो रही दुर्घटनाओं और जनहानि पर चिंता व्यक्त करते हुए इन पर अंकुश लगाने के उपाय करने की जरूरत जताई।
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