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Kotdwar News: धनियार से कैंडुल ठांगर स्कूल जा रही छात्राओं के बीच धमका गुलदार, अफरातफरी मची
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कोटद्वार। द्वारीखाल ब्लॉक के ठांगर और धनियार गांव में गुलदार की दशहत बरकरार है। शनिवार सुबह करीब 8:45 बजे धनियार से राजकीय इंटर कॉलेज कैंडुल ठांगर जाते समय अचानक गुलदार राह चलते छात्र-छात्राओं के बीच धमक गया। जिससे मौके पर अफरातफरी मच गई। छात्र-छात्राओं ने शोर मचाते हुए भागकर जान बचाई। घटना में छात्र-छात्राएं बाल-बाल बची हैं। इस दौरान एक छात्रा गांव की पगडंडी से नीचे खेतों में जा गिरी। विद्यालय प्रबंधन ने गुलदार की सक्रियता पर चिंता जताते हुए उच्चाधिकारियों को सूचना दी है।
ठांगर गांव में बीते 21 सितंबर को गुलदार ने छह वर्षीय बालक कार्तिक पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था। बच्चे का अभी तक एम्स ऋषिकेश में उपचार चल रहा है। ग्राम प्रधान सोनम देवी व ग्रामीण जितेंद्र सिंह ने बताया कि ठांगर के साथ ही धनियार गांव में भी गुलदार लगातार चहलकदमी बनी हुई है। शनिवार सुबह जब धनियार से कुछ छात्र-छात्राएं कैंडुल ठांगर विद्यालय जा रहे थे, तभी एक गुलदार झाड़ियों से निकलकर उनके रास्ते में आ धमका। गुलदार को देखकर चीख पुकार मच गई। दहशतजदा छात्र शोर मचाते हुए भाग खड़े हुए। जिससे गुलदार फिर से झाड़ियों में जा छिपा। प्रधानाचार्य संजय कुमार ने बताया कि इस घटनाक्रम से बच्चे दहशतजदा हैं। ग्रामीणों और अभिभावकों ने घटनाक्रम पर चिंता जताई है। बताया कि बच्चों को ठांगर गांव के रास्ते में भी गुलदार दिखाई दिया है। लोग शाम ढलते ही घरों में कैद हो रहे हैं। गुलदार की सक्रियता को देखते हुए ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और वन विभाग से बच्चों की सुरक्षा के लिए कदम उठाने की मांग की है।
उधर, लैंसडौन के रेंज अधिकारी राकेश चंद्रा ने बताया कि वन विभाग उक्त घटनाक्रम की जानकारी नहीं है। वन विभाग को क्षेत्र में कहीं भी गुलदार की मूवमेंट नहीं दिखी है। क्षेत्र में तैनात वन कर्मियों को अलर्ट मोड पर रखा गया है। ग्रामीणों को समूह में आवाजाही करने, हाथ में डंडा लेकर चलने, रात को घर के बाहर की लाइट जलाए रखने समेत सतर्कता बरतने के लिए कहा गया है।
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ठांगर गांव में बीते 21 सितंबर को गुलदार ने छह वर्षीय बालक कार्तिक पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था। बच्चे का अभी तक एम्स ऋषिकेश में उपचार चल रहा है। ग्राम प्रधान सोनम देवी व ग्रामीण जितेंद्र सिंह ने बताया कि ठांगर के साथ ही धनियार गांव में भी गुलदार लगातार चहलकदमी बनी हुई है। शनिवार सुबह जब धनियार से कुछ छात्र-छात्राएं कैंडुल ठांगर विद्यालय जा रहे थे, तभी एक गुलदार झाड़ियों से निकलकर उनके रास्ते में आ धमका। गुलदार को देखकर चीख पुकार मच गई। दहशतजदा छात्र शोर मचाते हुए भाग खड़े हुए। जिससे गुलदार फिर से झाड़ियों में जा छिपा। प्रधानाचार्य संजय कुमार ने बताया कि इस घटनाक्रम से बच्चे दहशतजदा हैं। ग्रामीणों और अभिभावकों ने घटनाक्रम पर चिंता जताई है। बताया कि बच्चों को ठांगर गांव के रास्ते में भी गुलदार दिखाई दिया है। लोग शाम ढलते ही घरों में कैद हो रहे हैं। गुलदार की सक्रियता को देखते हुए ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और वन विभाग से बच्चों की सुरक्षा के लिए कदम उठाने की मांग की है।
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उधर, लैंसडौन के रेंज अधिकारी राकेश चंद्रा ने बताया कि वन विभाग उक्त घटनाक्रम की जानकारी नहीं है। वन विभाग को क्षेत्र में कहीं भी गुलदार की मूवमेंट नहीं दिखी है। क्षेत्र में तैनात वन कर्मियों को अलर्ट मोड पर रखा गया है। ग्रामीणों को समूह में आवाजाही करने, हाथ में डंडा लेकर चलने, रात को घर के बाहर की लाइट जलाए रखने समेत सतर्कता बरतने के लिए कहा गया है।
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